अमेरिका और ईरान के बीच चल रही जंग को रोकने के लिए पाकिस्तान ने बीच-बचाव शुरू कर दिया है. पाकिस्तान को उम्मीद है कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर कोई बड़ा समझौता हो सकता है जिससे युद्ध खत्म हो जाए. इस मकसद के लिए पाकिस्तान के आर्मी चीफ मुनीर की अगुवाई में एक बड़ा दल तेहरान पहुंच चुका है.

शांति वार्ता में क्या हैं मुख्य मुद्दे?

इस बातचीत का सबसे बड़ा मुद्दा ईरान का परमाणु प्रोग्राम है. अमेरिका चाहता है कि ईरान यूरेनियम बनाना पूरी तरह बंद कर दे और उसने 20 साल तक इस पर रोक लगाने का प्रस्ताव दिया है. दूसरी ओर, ईरान का कहना है कि उसका प्रोग्राम सिर्फ शांति के लिए है और उसने 5 साल के निलंबन की बात कही है, जिसे अमेरिका ने खारिज कर दिया. अब दोनों पक्ष यूरेनियम बनाने की सीमा और उसके प्रकार पर चर्चा कर रहे हैं.

अब तक की बड़ी घटनाएं और अपडेट

इस पूरे विवाद और युद्ध के दौरान कई महत्वपूर्ण घटनाक्रम हुए हैं, जिनका विवरण नीचे दी गई तालिका में है:

तारीख घटना
28 फरवरी 2026 अमेरिका और इसराइल की ईरान के खिलाफ जंग शुरू हुई
8 अप्रैल 2026 दोनों पक्षों के बीच अस्थायी युद्धविराम लागू हुआ
14 अप्रैल 2026 राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शांति वार्ता के संकेत दिए
15 अप्रैल 2026 अमेरिकी नौसेना ने ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी की
16 अप्रैल 2026 पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल शांति वार्ता के लिए तेहरान पहुंचा
वर्तमान स्थिति ईरान ने नाकेबंदी हटाने पर लाल सागर व्यापार रोकने की धमकी दी है

दुनिया के अन्य देशों का क्या रुख है?

अमेरिका की तरफ से उपराष्ट्रपति JD Vance इस बातचीत का नेतृत्व कर रहे हैं. चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही सामान्य करने की अपील की है. वहीं, IAEA के डायरेक्टर जनरल राफेल ग्रॉसी ने साफ किया है कि किसी भी समझौते में जांच-परख के कड़े नियम होने चाहिए क्योंकि ईरान के पास यूरेनियम का बड़ा स्टॉक है.

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.