अमेरिका और ईरान के बीच चल रही तनातनी को खत्म करने के लिए पाकिस्तान एक बार फिर बड़ी भूमिका निभा रहा है। इस्लामाबाद और रावलपिंडी में सुरक्षा बढ़ा दी गई है क्योंकि दोनों देशों के बीच अगले दौर की शांति वार्ता होने वाली है। इस बार की बातचीत में कई अहम मुद्दों पर फैसला होने की उम्मीद है, जिसके चलते शहर में हलचल बढ़ गई है।

पाकिस्तान ने सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए हैं?

सुरक्षा के लिए इस्लामाबाद पुलिस के करीब 6,000 जवान, 900 फेडरल कॉन्स्टेबुलरी और सेना व रेंजर्स के जवानों को तैनात किया जा रहा है। प्रशासन ने 11-12 अप्रैल को हुई पिछली बातचीत के समय लागू किए गए सुरक्षा नियमों को फिर से लागू करने का फैसला किया है। अगर विदेशी प्रतिनिधि बातचीत के लिए वापस आते हैं, तो इस्लामाबाद में स्थानीय छुट्टी भी घोषित की जा सकती है।

शांति वार्ता में कौन से मुख्य मुद्दे शामिल हैं?

अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु कार्यक्रम और होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) जैसे बड़े मसले अब भी अनसुलझे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने डील करीब होने की उम्मीद जताई है, जबकि ईरान के अधिकारी अब भी कुछ शर्तों पर सहमत नहीं हुए हैं। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय का मानना है कि लेबनान में शांति होना इस बातचीत की सफलता के लिए बहुत जरूरी है।

वार्ता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां

तारीख महत्वपूर्ण घटनाक्रम
8 अप्रैल 2026 अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते का सशर्त युद्धविराम हुआ
11-12 अप्रैल 2026 इस्लामाबाद में पहली सीधी बातचीत हुई, लेकिन पूरा समझौता नहीं हो सका
15 अप्रैल 2026 राष्ट्रपति ट्रंप ने संकेत दिया कि बातचीत का नया दौर जल्द शुरू हो सकता है
16 अप्रैल 2026 पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने दूसरी बैठक के लिए चर्चा की पुष्टि की
17 अप्रैल 2026 डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ डील होने पर उम्मीद जताई
18 अप्रैल 2026 इस्लामाबाद और रावलपिंडी में सुरक्षा इंतजाम बढ़ाए गए
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.