Philippines के आम लोगों और गाड़ी चलाने वालों के लिए बहुत बड़ी खुशखबरी आई है। वहां के Department of Energy ने डीज़ल और केरोसिन की कीमतों में भारी कटौती का ऐलान किया है। इस फैसले से देश में ट्रांसपोर्ट और रहने के खर्च में कमी आएगी जिससे आम जनता को बड़ी राहत मिलेगी।

ईंधन की कीमतों में कितना बदलाव हुआ?

Energy Secretary Sharon Garin ने बताया कि 28 अप्रैल 2026 से डीज़ल और केरोसिन के दाम कम होंगे। हालांकि, पेट्रोल की कीमत में थोड़ी बढ़ोतरी देखी गई है। नीचे दी गई टेबल में पूरी जानकारी दी गई है:

ईंधन का प्रकार कीमत में बदलाव अनुमानित नई कीमत (प्रति लीटर)
Diesel P12.94 की कमी P75.93 से P101.96
Kerosene P15.71 की कमी P125.39 से P147.98
Gasoline P0.53 की बढ़ोतरी लागू होगा

तेल कंपनियों के लिए क्या नियम तय किए गए हैं?

सरकार ने साफ कर दिया है कि तेल कंपनियों को इन कीमतों को लागू करना ही होगा। Secretary Sharon Garin ने कहा कि यह फैसला ग्लोबल मार्केट के डेटा के आधार पर लिया गया है। अगर कोई भी कंपनी सरकार द्वारा तय की गई कटौती को लागू नहीं करती है, तो उस कंपनी पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा और जिम्मेदार लोगों को जेल भी हो सकती है।

तेल की सप्लाई और अन्य सरकारी मदद क्या है?

देश में ईंधन की किल्लत न हो, इसके लिए सरकार ने कई बड़े कदम उठाए हैं:

  • तेल की सप्लाई: 24 अप्रैल 2026 तक देश में औसत 54 दिनों का ईंधन स्टॉक मौजूद था, जिसमें केरोसिन की सप्लाई सबसे ज्यादा 168.74 दिनों तक के लिए है।
  • रूस से आयात: अमेरिका ने Philippines को 17 अप्रैल से 16 मई तक रूसी तेल आयात करने की छूट दे दी है।
  • इमरजेंसी फंड: राष्ट्रपति Ferdinand R. Marcos Jr. ने ईंधन की सप्लाई सुरक्षित करने के लिए P20 बिलियन का इमरजेंसी फंड जारी किया है, जबकि DBM ने तेल संकट से निपटने के लिए P238 बिलियन तय किए हैं।
  • टोल में छूट: 23 मार्च 2026 से पब्लिक ट्रांसपोर्ट और जरूरी सामान ढोने वाले वाहनों के लिए टोल टैक्स में अस्थायी छूट दी गई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

Philippines में डीज़ल और केरोसिन की कीमतें कब से कम होंगी?

Department of Energy के अनुसार डीज़ल और केरोसिन की कीमतों में कटौती 28 अप्रैल 2026 से प्रभावी होगी।

ईंधन की कीमतों में कटौती न करने वाली कंपनियों पर क्या कार्रवाई होगी?

जो तेल कंपनियां सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम कटौती या कीमतों की सीमा का पालन नहीं करेंगी, उन्हें भारी जुर्माना भरना होगा और उन्हें जेल की सजा भी हो सकती है।