फ्रांस में हुए G7 समिट के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की एक महत्वपूर्ण मुलाकात हुई. इस मीटिंग में दोनों नेताओं ने दुनिया के कई जरूरी मुद्दों पर विस्तार से बात की. इसमें मुख्य रूप से पश्चिम एशिया के हालात और दोनों देशों के बीच व्यापार को लेकर चर्चा हुई.

बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम एशिया में मचे संकट और Strait of Hormuz (हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य) की स्थिति पर अपनी चिंता जताई. G7 देशों के नेताओं ने मिलकर इस बात पर जोर दिया कि इस क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनी रहे और ईरान जैसे देशों को परमाणु हथियार हासिल न हों.

ऊर्जा क्षेत्र में साझेदारी को लेकर भी दोनों नेताओं के बीच बातचीत हुई. इस चर्चा के बाद भारत और अमेरिका के बीच ‘Strategic Energy Partnership’ को आगे बढ़ाया गया ताकि ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत किया जा सके. आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 2019-20 के दौरान दोनों देशों के बीच हाइड्रोकार्बन व्यापार में भारी बढ़ोतरी हुई और यह 9.2 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जो 2017-18 के मुकाबले 93 प्रतिशत ज्यादा था.

इसके साथ ही राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री मोदी ने आर्थिक रिश्तों को बेहतर बनाने और ट्रेड डील पर भी चर्चा की. हालांकि, 2019 के इस समिट के दौरान किसी व्यापक द्विपक्षीय व्यापार समझौते को अंतिम रूप नहीं दिया गया था, लेकिन दोनों देश खुले और निष्पक्ष व्यापार के सिद्धांतों पर सहमत हुए.

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.