प्रधानमंत्री Narendra Modi ने मंगलवार, 30 जून 2026 को ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian से फोन पर बातचीत की। इस दौरान PM Modi ने Hormuz Strait में जहाजों की आवाजाही की आजादी बनाए रखने पर जोर दिया। उन्होंने ईरान और अमेरिका के बीच चल रही बातचीत में हुई प्रगति का भी स्वागत किया।
प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) द्वारा जारी बयान में बताया गया कि PM Modi ने Hormuz Strait की अहमियत को दुनिया और भारत दोनों के लिए बहुत जरूरी बताया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में लंबे समय तक शांति और स्थिरता बनी रहे, इसके लिए सभी मुद्दों को बातचीत और कूटनीति के जरिए सुलझाया जाना चाहिए।
बातचीत के दौरान राष्ट्रपति Pezeshkian ने प्रधानमंत्री को पश्चिम एशिया के ताजा हालात और आगे की योजना के बारे में जानकारी दी। राष्ट्रपति ने PM Modi को Ayatollah Ali Khamenei के अंतिम संस्कार समारोह के लिए न्योता भी दिया है। यह कार्यक्रम 5 से 9 जुलाई तक चलेगा और भारत इसमें अपने प्रतिनिधियों को भेजने की तैयारी कर रहा है।
यह चर्चा ऐसे समय में हुई है जब 25 जून 2026 को ईरान की IRGC Navy ने ऐलान किया था कि Hormuz Strait से केवल उन्हीं रास्तों पर जहाज गुजर सकते हैं जो ईरान ने तय किए हैं। ईरान ने चेतावनी दी थी कि तय रास्तों के बाहर चलना खतरनाक और प्रतिबंधित होगा।
इससे पहले अप्रैल 2026 में राष्ट्रपति Pezeshkian ने कहा था कि Hormuz Strait की सुरक्षा को कोई भी खतरा वैश्विक व्यापार के लिए बुरा होगा, हालांकि उन्होंने अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करने की बात भी कही थी। साथ ही, मार्च 2026 में भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) ने उन सोशल मीडिया दावों को गलत बताया था जिनमें कहा गया था कि ईरान ने भारतीय जहाजों को रास्ता देने से मना कर दिया है।
