रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जमकर तारीफ की है। सेंट पीटर्सबर्ग इकोनॉमिक फोरम में बोलते हुए रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने भारत को एक महान देश और बेहद भरोसेमंद पार्टनर बताया है। वहीं दूसरी तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी पीएम मोदी को अपना एक अच्छा दोस्त बताते हुए भारत के साथ व्यापारिक रिश्तों पर सकारात्मक बातचीत की बात कही है। यह दोनों बयान जून 2026 के पहले हफ्ते में सामने आए हैं जो वैश्विक मंच पर भारत की मजबूत स्थिति को बयां करते हैं।
रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने भारत को लेकर क्या कहा?
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने 4 जून 2026 को सेंट पीटर्सबर्ग इकोनॉमिक फोरम में भारत के साथ अपने मजबूत रिश्तों की बात की। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि भारत और अमेरिका की दोस्ती से रूस-भारत के संबंधों पर कोई आंच नहीं आएगी।
पुतिन ने भारत की तारीफ करते हुए निम्नलिखित मुख्य बातें कही:
- महान देश और भरोसेमंद साथी: पुतिन ने भारत को एक महान देश और बेहद विश्वसनीय पार्टनर बताया। उन्होंने कहा कि भारत अपनी राष्ट्रीय जरूरतों के हिसाब से सभी देशों से रिश्ते बेहतर कर रहा है और यह बहुत अच्छी बात है।
- दबाव बनाने की कोशिशें बेकार: पुतिन ने कहा कि अमेरिका की तरफ से भारत पर दबाव बनाने की कोशिशें पूरी तरह गलत और बेअसर हैं। पीएम मोदी जैसे नेता पर इस तरह का दबाव बनाना अंतरराष्ट्रीय संबंधों को नुकसान पहुंचाता है।
- व्यापार में बड़ी बढ़ोतरी का भरोसा: उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले सालों में भारत और रूस के बीच द्विपक्षीय व्यापार 100 अरब डॉलर तक पहुंच जाएगा, जो फिलहाल करीब 58 से 60 अरब डॉलर के स्तर पर है।
- ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग: पुतिन ने कुडनकुलम न्यूक्लियर पावर प्लांट और तेल-गैस के क्षेत्र में दोनों देशों के मजबूत सहयोग का भी विशेष रूप से जिक्र किया।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी को बताया अच्छा दोस्त
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी 5 जून 2026 को एक बयान में पीएम नरेंद्र मोदी की तारीफ की। ट्रंप ने पीएम मोदी को अपना एक बहुत अच्छा दोस्त बताया। उन्होंने भरोसा जताया कि भारत और अमेरिका के बीच जल्द ही एक बड़ा व्यापारिक समझौता हो जाएगा।
ट्रंप ने कहा कि भारत ने सालों तक भारी टैक्स लगाकर अमेरिका के साथ व्यापार में फायदा उठाया है, लेकिन अब स्थिति बदल चुकी है और अमेरिका भी भारत से अच्छा पैसा कमा रहा है। उन्होंने साफ किया कि भले ही अमेरिका ने कई देशों पर नए टैरिफ लगाने का प्रस्ताव दिया है, लेकिन पीएम मोदी के साथ अच्छे संबंधों की वजह से भारत के साथ बातचीत सही रास्ते पर चल रही है।
अमेरिका की तरफ से रूसी तेल खरीद पर अस्थायी राहत
भारत और रूस के बीच तेल के कारोबार को लेकर अमेरिका ने मार्च 2026 में एक बड़ा कदम उठाया था। अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने 6 मार्च 2026 को भारतीय रिफाइनरियों के लिए एक अस्थायी राहत की घोषणा की थी।
इस घोषणा के तहत भारतीय कंपनियों को रूस से तेल लेकर आ रहे उन जहाजों से माल उतारने के लिए 30 दिनों की विशेष छूट दी गई थी, जो 5 मार्च 2026 से पहले ही समुद्र में रवाना हो चुके थे। यह फैसला मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष और समुद्री रास्तों में आई दिक्कतों के चलते वैश्विक तेल बाजार को संभालने के लिए लिया गया था। हालांकि, यह छूट केवल पहले से लोड हो चुके तेल के लिए थी और नए समझौतों पर कोई राहत नहीं दी गई थी।
Frequently Asked Questions (FAQs)
रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने भारत और रूस के व्यापार को लेकर क्या कहा है?
रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने भरोसा जताया है कि आने वाले सालों में भारत और रूस के बीच आपसी व्यापार 100 अरब डॉलर के स्तर को पार कर जाएगा। फिलहाल दोनों देशों का कुल व्यापार लगभग 58-60 अरब डॉलर के आसपास है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के साथ व्यापारिक समझौते पर क्या बयान दिया?
डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी को अपना अच्छा दोस्त बताते हुए कहा कि भारत के साथ व्यापारिक समझौते की बातचीत बिल्कुल सही दिशा में आगे बढ़ रही है और उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही दोनों देशों के बीच समझौता हो जाएगा।
