भारत के प्रधानमंत्री Narendra Modi ने अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump को उनके बधाई संदेश के लिए सोशल मीडिया पर धन्यवाद दिया है। दोनों नेताओं के बीच यह बातचीत बुधवार, 10 जून 2026 को हुई। भारत और अमेरिका के अधिकारी अब दोनों नेताओं के बीच फ्रांस में होने वाले G7 समिट के दौरान एक द्विपक्षीय बैठक आयोजित करने की संभावनाओं पर बातचीत कर रहे हैं।
Narendra Modi और Donald Trump के बीच सोशल मीडिया पर क्या बातचीत हुई?
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने पीएम मोदी को भारत के सबसे लंबे समय तक चुने गए प्रधानमंत्री बनने के ऐतिहासिक अवसर पर बधाई दी। ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर पीएम मोदी को एक मजबूत, स्वस्थ और बुद्धिमान व्यक्ति बताते हुए उनके आने वाले समय के लिए सफलता की कामना की। इसके जवाब में पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर राष्ट्रपति ट्रंप का आभार व्यक्त किया और लिखा कि वह भारत-अमेरिका वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को दोनों देशों और पूरी दुनिया के हित में आगे बढ़ाने के लिए उनके साथ काम करने को उत्सुक हैं। इस मौके पर भारत में अमेरिकी राजदूत Sergio Gor और इजरायल के दूत Reuven Azar ने भी पीएम मोदी को उनकी लंबी जनसेवा के लिए बधाई संदेश भेजे।
G7 समिट के दौरान दोनों नेताओं की बैठक की तैयारी
विदेश मंत्रालय (MEA) ने घोषणा की है कि पीएम मोदी शनिवार, 13 जून 2026 से फ्रांस और स्लोवाकिया की एक सप्ताह लंबी यात्रा पर रवाना होंगे। वह वहां G7 समिट के सत्रों में भाग लेंगे। फ्रांस के एवियन-लेस-बैंस में 15 से 17 जून 2026 तक होने वाले इस समिट के दौरान पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप के बीच एक अलग से द्विपक्षीय बैठक कराने की कोशिशें चल रही हैं। इस बैठक में व्यापार, वीजा नियमों और ऊर्जा सहयोग जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है, ताकि दोनों देशों के बीच संबंधों को एक नया मोड़ दिया जा सके। इससे पहले मई 2026 में अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio ने भारत का दौरा किया था और पीएम मोदी को व्हाइट हाउस आने का न्योता दिया था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
PM Modi और Donald Trump की मुलाकात कब और कहाँ हो सकती है?
दोनों नेताओं के बीच संभावित मुलाकात फ्रांस के एवियन-लेस-बैंस में 15 से 17 जून 2026 के बीच होने वाले G7 समिट के दौरान हो सकती है।
इस बैठक में किन मुख्य मुद्दों पर बातचीत होने की उम्मीद है?
इस बैठक में मुख्य रूप से व्यापार, वीजा नियमों और ऊर्जा सहयोग जैसे द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है, जिससे भारत और अमेरिका के रिश्तों को और मजबूती मिल सके।
