प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने पांच देशों के दौरे के आखिरी पड़ाव पर इटली की राजधानी रोम पहुंच गए हैं. वहां एयरपोर्ट पर इटली के डिप्टी पीएम एंटोनियो ताजानी ने उनका स्वागत किया. रोम में भारतीय समुदाय के लोगों ने पीएम मोदी को बहुत प्यार दिया और उनके साथ यादगार पल बिताए.

रोम में पीएम मोदी का स्वागत और खास कार्यक्रम

प्रधानमंत्री मोदी जब रोम पहुंचे तो वहां भारतीय प्रवासियों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया. होटल में उनके लिए खास सांस्कृतिक और शास्त्रीय कार्यक्रम आयोजित किए गए. इस मौके पर उन्हें वाराणसी के घाटों की एक खूबसूरत पेंटिंग भी भेंट की गई और कलाकारों ने उनके सम्मान में पारंपरिक संगीत पेश किया. पीएम मोदी ने वहां मौजूद भारतीय समुदाय के लोगों के साथ बातचीत की और उनके साथ कुछ दिल छू लेने वाले पल साझा किए.

इटली दौरे का मकसद और होने वाली मुलाकातें

पीएम मोदी ने ‘X’ सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर बताया कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य भारत और इटली के बीच सहयोग को और मजबूत करना है. वह इटली के राष्ट्रपति सर्जियो माटारेला और प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से मुलाकात करेंगे. दोनों देश जॉइंट स्ट्रेटेजिक एक्शन प्लान 2025-2029 पर चर्चा करेंगे, जिसमें व्यापार, निवेश, रक्षा, क्लीन एनर्जी, इनोवेशन और विज्ञान एवं तकनीक जैसे मामले शामिल हैं. साथ ही, पीएम मोदी ‘इंडिया-मिडल ईस्ट-यूरोप इकोनॉमिक कॉरिडोर’ (IMEC) पर भी बात करेंगे और संयुक्त राष्ट्र खाद्य और कृषि संगठन (FAO) के मुख्यालय जाएंगे ताकि वैश्विक खाद्य सुरक्षा पर भारत की प्रतिबद्धता को दोहराया जा सके.

दौरे की तारीखें और भविष्य की योजना

विदेश मंत्रालय (MEA) के मुताबिक, पीएम मोदी 19 मई 2026 को रोम पहुंचे और वह 20 मई 2026 को भारत लौटेंगे. इस दौरे के जरिए भारत और इटली अपने रिश्तों को एक स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप के स्तर पर ले जाने की उम्मीद कर रहे हैं. यह यात्रा पीएम मोदी के पांच देशों के लंबे दौरे का समापन है. इटली के डिप्टी पीएम एंटोनियो ताजानी ने दिसंबर 2025 में ही इस यात्रा का संकेत दे दिया था.

Frequently Asked Questions (FAQs)

पीएम मोदी इटली कब पहुंचे और कब वापस आएंगे?

पीएम मोदी 19 मई 2026 को रोम पहुंचे और वह 20 मई 2026 को भारत लौटेंगे.

इटली दौरे के दौरान किन मुख्य मुद्दों पर चर्चा होगी?

इस दौरे में भारत-इटली सहयोग, इंडिया-मिडल ईस्ट-यूरोप इकोनॉमिक कॉरिडोर (IMEC) और जॉइंट स्ट्रेटेजिक एक्शन प्लान 2025-2029 जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी.