प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 मई 2026 को UAE का दौरा करेंगे। साल 2014 में कार्यभार संभालने के बाद से यह उनका आठवां दौरा होगा। इस यात्रा के दौरान वह राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाह्यान से मुलाकात करेंगे। यह दौरा भारत और UAE के बीच रणनीतिक रिश्तों को और गहरा करने के लिए बहुत अहम माना जा रहा है।
UAE दौरे पर किन बड़े मुद्दों और समझौतों पर होगी चर्चा?
भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) के मुताबिक, दोनों नेता व्यापार, निवेश और तकनीक जैसे क्षेत्रों पर बात करेंगे। खास तौर पर ऊर्जा सुरक्षा पर जोर दिया जाएगा। भारत और UAE के बीच एलपीजी (LPG) सप्लाई और रणनीतिक पेट्रोलियम रिजर्व को लेकर दो महत्वपूर्ण समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर हो सकते हैं। इसके अलावा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), सेमीकंडक्टर और ग्रीन एनर्जी पर भी चर्चा होगी।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| व्यापारिक संबंध | UAE भारत का तीसरा सबसे बड़ा ट्रेडिंग पार्टनर है |
| निवेश | पिछले 25 सालों में UAE सातवां सबसे बड़ा निवेश स्रोत रहा है |
| कच्चा तेल आपूर्ति | भारत की कुल जरूरत का 11% तेल UAE से आता है |
| LPG आपूर्ति | भारत की लगभग 40% LPG की जरूरत UAE पूरी करता है |
| भारतीय निवेश | भारतीय कंपनियों ने UAE की ऊर्जा संपत्तियों में 1.2 बिलियन डॉलर निवेश किए हैं |
| भारतीय प्रवासी | UAE में लगभग 45 लाख भारतीय रहते हैं |
सुरक्षा और भारतीय प्रवासियों के लिए क्या है खास?
इस दौरे में रक्षा सहयोग पर भी बातचीत होगी। दोनों देश साइबर सुरक्षा, समुद्री सुरक्षा और आतंकवाद के खिलाफ मिलकर काम करने के लिए एक नया फ्रेमवर्क तैयार कर सकते हैं। साथ ही, इंडिया-मिडल ईस्ट-यूरोप इकोनॉमिक कॉरिडोर (IMEC) जैसे कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट्स पर भी चर्चा होने की उम्मीद है। UAE में रहने वाले करीब 45 लाख भारतीय प्रवासियों की भलाई और उनकी सुविधाओं पर भी बातचीत होगी, जिससे वहां रहने वाले प्रवासियों को सीधा फायदा मिल सकता है।
यह मुलाकात दोनों नेताओं के बीच पांच महीनों में दूसरी आमने-सामने की बातचीत होगी। इससे पहले जनवरी 2026 में राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद ने नई दिल्ली का दौरा किया था।
Frequently Asked Questions (FAQs)
पीएम मोदी का UAE दौरा कब तय हुआ है?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 मई 2026 को UAE की यात्रा करेंगे।
इस दौरे का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इस दौरे का मुख्य उद्देश्य ऊर्जा सुरक्षा, रक्षा सहयोग, व्यापार को बढ़ावा देना और UAE में रह रहे 45 लाख भारतीयों के कल्याण पर चर्चा करना है।
