PoJK में हालात काफी तनावपूर्ण हो गए हैं। रविवार को पाकिस्तान रेंजर्स ने प्रदर्शनकारियों पर अंधाधुंध गोलियां चलाईं, जिसमें एक व्यक्ति की जान चली गई और कई लोग घायल हो गए। यह घटना इस्लामाबाद सरकार के खिलाफ चल रहे बड़े विरोध प्रदर्शनों के दौरान हुई है।

मिर्पुर जिले में हुई हिंसा

मिली जानकारी के मुताबिक, फायरिंग की यह घटना मिर्पुर जिले की दाद्याल तहसील के अंब गांव में हुई। पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) की PoJK यूनिट ने बताया कि रेंजर्स ने भीड़ पर फायरिंग की, जिससे एक शख्स शहीद हो गया और कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। रिपोर्ट्स के अनुसार, वहां मौजूद आम लोगों पर बिना किसी उकसावे के फायरिंग और भारी शेलिंग की गई, जिससे कई प्रदर्शनकारी अब भी अस्पताल में गंभीर हालत में हैं।

क्यों हो रहा है विरोध प्रदर्शन

इस पूरे बवाल की शुरुआत तब हुई जब सरकार ने नागरिक अधिकारों के लिए लड़ने वाले 600 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार कर लिया। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग JAAC नेता शौकत नवाज मीर की रिहाई है। जम्मू कश्मीर जॉइंट अवमी एक्शन कमेटी (JAAC) ने 5 जुलाई को बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया था। JAAC के नेताओं ने लोगों से शांति बनाए रखने और सफेद झंडे लेकर चलने की अपील की थी, लेकिन इसके बावजूद हिंसा हुई।

मानवाधिकार संस्थाओं ने जताया विरोध

Amnesty International ने पाकिस्तान सरकार के इन तौर-तरीकों की कड़ी निंदा की है। संस्था ने कहा कि शांतिपूर्ण राजनीतिक विरोध को दबाने के लिए हिंसा का इस्तेमाल किया गया। साथ ही, JAAC को एक प्रतिबंधित संगठन घोषित करने के फैसले पर भी सवाल उठाए गए हैं।

इलाके में पाबंदियां और चुनाव का बहिष्कार

  • खबरों के मुताबिक, प्रशासन ने इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं।
  • खाने-पीने की चीजों और दवाइयों की सप्लाई वाले रास्तों को भी ब्लॉक कर दिया गया है।
  • तनावपूर्ण माहौल की वजह से कार्यकर्ताओं ने 27 जुलाई को होने वाले स्थानीय चुनावों के बहिष्कार का ऐलान किया है।
  • उनका कहना है कि मौजूदा हालात में निष्पक्ष और लोकतांत्रिक चुनाव कराना मुमकिन नहीं है।