पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने एक बुजुर्ग विधवा मां के हक में बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने आदेश दिया है कि अब मां को गुजारा भत्ता के तौर पर हर महीने 30,000 रुपये मिलेंगे। खास बात यह है कि यह राशि उनके दो बेटों के बैंक खातों से ऑटो-डेबिट के जरिए सीधे मां के खाते में जमा होगी।
कोर्ट ने कितनी राशि और कैसे भुगतान का आदेश दिया?
जस्टिस नीरजा के. कालसन ने 8 मई 2026 को यह महत्वपूर्ण निर्णय सुनाया। इससे पहले भिवानी की फैमिली कोर्ट ने 13,000 रुपये प्रति माह का गुजारा भत्ता तय किया था, जिसे बेटों ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने इस राशि को बढ़ाकर 30,000 रुपये कर दिया है।
अदालत ने यह सुनिश्चित करने के लिए कि मां को समय पर पैसा मिले, बेटों के वेतन और बैंक खातों से सीधे कटौती करने का निर्देश दिया है। यह कदम इसलिए उठाया गया ताकि बुजुर्ग महिला को बार-बार अदालती चक्कर न काटने पड़ें।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| न्यायालय | पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट |
| न्यायाधीश | जस्टिस नीरजा के. कालसन |
| तय राशि | 30,000 रुपये प्रति माह |
| भुगतान तरीका | ऑटो-डेबिट और वेतन कटौती |
| निर्णय तिथि | 8 मई 2026 |
अदालत ने फैसले के पीछे क्या कारण बताए?
सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि मां ने बच्चों को पालने-पोसने में बहुत मेहनत और त्याग किया है, इसलिए बुढ़ापे में उन्हें तकलीफ नहीं होनी चाहिए। न्यायाधीश ने “मातृ देवो भव” के प्राचीन उपदेश का जिक्र करते हुए कहा कि माता-पिता का ख्याल रखना केवल कानूनी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हमारी सभ्यता का हिस्सा है।
- दोनों बेटे सरकारी नौकरी में हैं और पैसा देने में सक्षम पाए गए।
- कोर्ट ने दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) की धारा 125 के तहत इसे सामाजिक न्याय का उपाय बताया।
- सुप्रीम कोर्ट के सावित्रीबेन सोमभाई भाटिया और चतुरभुज बनाम सीता बाई जैसे पुराने फैसलों का हवाला दिया गया।
- कोर्ट ने साफ किया कि माता-पिता के भरण-पोषण का दायित्व विरासत के अधिकारों से अलग एक नैतिक जिम्मेदारी है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बुजुर्ग मां को मिलने वाले गुजारा भत्ता की राशि कितनी है?
पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने बुजुर्ग विधवा मां के लिए 30,000 रुपये प्रति माह का गुजारा भत्ता तय किया है।
पैसे का भुगतान किस तरीके से किया जाएगा?
यह राशि बेटों के बैंक खातों से ऑटो-डेबिट और वेतन से कटौती के माध्यम से सीधे मां के बैंक खाते में भेजी जाएगी।
