रूस के राष्ट्रपति Vladimir Putin और UAE के राष्ट्रपति Mohammed bin Zayed Al Nahyan के बीच एक अहम मीटिंग हुई। इसमें ईरान के साथ चल रहे विवाद और इलाके में शांति लाने के तरीकों पर विस्तार से बात की गई। क्रेमलिन ने शनिवार, 16 मई 2026 को एक बयान जारी कर इस पूरी बातचीत की जानकारी दी है।

रूस और UAE की इस बातचीत में किन बातों पर जोर दिया गया?

दोनों नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि शांति के लिए बातचीत और डिप्लोमेसी का रास्ता अपनाना बहुत जरूरी है। क्रेमलिन के मुताबिक दोनों पक्ष चाहते हैं कि आपसी समझौते के जरिए इस विवाद को सुलझाया जाए। UAE की सरकारी समाचार एजेंसी WAM ने बताया कि इस मीटिंग में कई क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई, जिनमें मुख्य बातें ये थीं:

  • मिडिल ईस्ट की हालत: इलाके में चल रही हलचल और उसका सुरक्षा पर असर।
  • शिपिंग और सुरक्षा: अंतरराष्ट्रीय समुद्री रास्तों की सुरक्षा और जहाजों की आवाजाही।
  • एनर्जी और इकोनॉमी: तेल की सप्लाई और दुनिया की अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाला प्रभाव।

ईरान विवाद और यूक्रेन युद्ध पर क्या चर्चा हुई?

यह बातचीत ऐसे समय में हुई जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव काफी बढ़ा हुआ है। टाइम्स कुवैत की रिपोर्ट के मुताबिक, फरवरी के आखिर में ईरान ने UAE पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए थे, जिससे वहां के तेल निर्यात और फाइनेंशियल हब की इमेज पर असर पड़ा था। इसी तनाव के बीच दोनों देशों ने शांति की कोशिशों पर बात की।

इसके अलावा, राष्ट्रपति पुतिन ने यूक्रेन युद्ध के दौरान मानवीय मदद के लिए UAE का शुक्रिया अदा किया। UAE ने रूस और यूक्रेन के बीच कैदियों की अदला-बदली कराने में भी एक मध्यस्थ के तौर पर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

पुतिन और UAE राष्ट्रपति की मीटिंग कब हुई?

यह मीटिंग शनिवार, 16 मई 2026 को हुई, जिसकी जानकारी क्रेमलिन ने एक आधिकारिक बयान के जरिए दी।

मीटिंग में मुख्य मुद्दा क्या था?

मीटिंग का मुख्य मुद्दा ईरान विवाद को सुलझाना और मिडिल ईस्ट में शांति बहाल करना था ताकि वैश्विक अर्थव्यवस्था और सुरक्षा पर बुरा असर न पड़े।