कतर में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए ‘अरब खाड़ी सुरक्षा 4’ (Arabian Gulf Security 4) नामक संयुक्त सामरिक अभ्यास का आधिकारिक तौर पर आगाज़ हो गया है। 25 जनवरी 2026 को शुरू हुआ यह अभ्यास 4 फरवरी 2026 तक जारी रहेगा। इस बड़े आयोजन में खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के सभी सदस्य देशों के साथ-साथ संयुक्त राज्य अमेरिका की विशेष सुरक्षा इकाइयां भी हिस्सा ले रही हैं।

ट्रेनिंग शेड्यूल और मुख्य आंकड़े

इस अभ्यास का उद्घाटन कतर के आंतरिक मंत्री और लेख्विया के कमांडर शेख खलीफा बिन हमद बिन खलीफा अल थानी की देखरेख में हुआ। अगले 10 दिनों तक चलने वाले इस कार्यक्रम में सुरक्षा बल गहन प्रशिक्षण लेंगे।

विशेषता विवरण
कुल ट्रेनिंग समय 260 घंटे से अधिक
फील्ड परिदृश्य (Scenarios) 70 से अधिक
शामिल देश कतर, UAE, सऊदी, कुवैत, ओमान, बहरीन और अमेरिका
समापन तिथि 4 फरवरी 2026

अभ्यास के मुख्य सुरक्षा उद्देश्य

इस संयुक्त अभ्यास का मुख्य उद्देश्य जीसीसी सुरक्षा एजेंसियों के बीच तालमेल बढ़ाना और फील्ड समन्वय को बेहतर बनाना है। इसके लिए कुछ खास क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित किया गया है:

  • आतंकवाद का मुकाबला: संगठित अपराध और आतंकी खतरों से निपटने के लिए संयुक्त रणनीति बनाना।
  • प्रतिष्ठानों की सुरक्षा: महत्वपूर्ण सरकारी और सार्वजनिक सुविधाओं की सुरक्षा के लिए मॉक ड्रिल करना।
  • कमांड और कंट्रोल: अलग-अलग देशों के ऑपरेशन रूम के बीच सूचना साझा करने की क्षमता को परखना।
  • आपातकालीन स्थिति: किसी भी संकट के समय तुरंत और प्रभावी प्रतिक्रिया देने की तैयारी करना।

UAE की सुरक्षा टीम इस युद्धाभ्यास की तैयारी के लिए 23 जनवरी को ही कतर पहुँच गई थी। अब सभी इकाइयां 70 से अधिक अलग-अलग सुरक्षा स्थितियों का सामना करने के लिए मैदान में उतर चुकी हैं ताकि क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता को कायम रखा जा सके।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.