कतर ने अपने पूर्व अमीर शेख हमद बिन खलीफा अल थानी को अंतिम विदाई दी। 74 वर्ष की आयु में उनका निधन हो गया, जिन्हें कतर को आधुनिक बनाने का मुख्य श्रेय दिया जाता है। उन्हें 12 जुलाई 2026 को लुलैल कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक किया गया। इस कठिन समय में पूरा देश गमगीन है और शोक में डूबा हुआ है।
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अंतिम संस्कार और शोक की अवधि
दिवंगत नेता के लिए अंतिम संस्कार की नमाज़ इमाम मुहम्मद इब्न अब्द अल-वह्हाब मस्जिद में अदा की गई, जिसमें मौजूदा अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी, शाही परिवार के सदस्य, सरकारी अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक शामिल हुए। अमीरी दीवान ने चार दिनों के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है, जिसके चलते पूरे कतर में झंडे आधे झुके रहेंगे। सरकारी कार्यालय और सार्वजनिक संस्थान 13 जुलाई से 18 जुलाई तक बंद रहेंगे और काम 19 जुलाई 2026 से दोबारा शुरू होगा।
दुनिया भर से मिली श्रद्धांजलि
अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी ने 13 जुलाई से 15 जुलाई तक लुलैल पैलेस में शोक व्यक्त करने आने वाले लोगों से मुलाकात की। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 जुलाई को फोन पर बात कर अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं और दिवंगत नेता के भारत के प्रति लगाव को याद किया। इसके अलावा पाकिस्तान, कनाडा, यूके, सिंगापुर, लेबनान और तुर्की के नेताओं ने भी गहरा दुख जताया है। दोहा के सार्वजनिक स्थानों और स्मारकों पर दिवंगत नेता की तस्वीरें लगाई गई हैं, जो कतर की एकता को दर्शाती हैं।
