अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच कतर और ओमान ने अपनी स्थिति साफ कर दी है। दोनों देशों ने आधिकारिक तौर पर कह दिया है कि वे ईरान के खिलाफ अमेरिका का साथ नहीं देंगे। इन देशों का मुख्य मकसद इलाके में शांति बनाए रखना और युद्ध की आग को फैलने से रोकना है।
ओमान ने अमेरिका और इसराइल की कार्रवाई पर क्या कहा?
Oman के Foreign Minister Badr Albusaidi ने ईरान के खिलाफ अमेरिका और इसराइल द्वारा शुरू किए गए सैन्य अभियानों पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने इन कार्रवाइयों को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया। Badr Albusaidi ने इस युद्ध को एक बड़ी गलती और तबाही करार दिया। उन्होंने UN Security Council से अपील की है कि इस युद्ध को तुरंत रोका जाए और युद्धविराम लागू किया जाए। ओमान फिलहाल अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत कराने के लिए एक मुख्य केंद्र के रूप में काम कर रहा है।
कतर क्यों चाहता है युद्ध का तुरंत अंत?
Qatar के Prime Minister Sheikh Mohammed bin Abdulrahman Al Thani ने बिना किसी शर्त के युद्ध को खत्म करने की मांग की है। कतर को इस लड़ाई की वजह से काफी आर्थिक नुकसान हुआ है, खासकर तब जब ईरान के जवाबी हमले में कतर की Ras Laffan LNG फैसिलिटी पर मिसाइल गिरी। कतर ने साफ किया है कि वह वाशिंगटन और तेहरान के बीच मध्यस्थता के लिए तैयार है। ऐसी खबरें भी हैं कि कतर अब अपनी जमीन पर अमेरिकी सेना की मौजूदगी पर फिर से विचार कर सकता है ताकि ईरान के साथ उसके रिश्ते खराब न हों।
क्या Muscat में बातचीत से निकलेगा कोई हल?
Muscut फिलहाल अमेरिका और ईरान की बातचीत का सबसे बड़ा अड्डा बना हुआ है। हाल ही में ईरान के Foreign Minister Abbas Araghchi ने तनाव कम करने के लिए ओमान का दौरा किया। ईरान ने एक प्रस्ताव रखा है कि अगर अमेरिका अपनी नाकाबंदी खत्म कर दे, तो वह Strait of Hormuz को फिर से खोल देगा। ओमान के Foreign Minister ने 26 अप्रैल 2026 को कहा कि समुद्र में जहाजों की आवाजाही को सुरक्षित रखने के लिए कूटनीति ही एकमात्र रास्ता है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ओमान और कतर ने अमेरिका का साथ देने से क्यों मना किया?
दोनों देश युद्ध के कारण होने वाले आर्थिक नुकसान और क्षेत्रीय अस्थिरता से बचना चाहते हैं। वे कूटनीति और बातचीत के जरिए समस्या का हल निकालना चाहते हैं ताकि खाड़ी देशों में शांति बनी रहे।
कतर के लिए यह युद्ध आर्थिक रूप से कितना नुकसानदेह रहा?
कतर के महत्वपूर्ण Ras Laffan LNG प्लांट पर मिसाइल हमला हुआ, जिससे उसे बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ। इसी वजह से कतर ने युद्ध को तुरंत रोकने और मध्यस्थता करने की मांग की है।