कतर और रूस ने मिलकर एक रक्षा समझौता (MoU) किया है। इस समझौते के तहत दोनों देशों के बीच संकट के समय सीधे बातचीत करने का एक नया रास्ता बनाया गया है। यह कदम आपातकालीन स्थितियों में तेजी से तालमेल बिठाने के लिए उठाया गया है ताकि किसी भी गंभीर हालात में तुरंत सूचना साझा की जा सके।
यह समझौता 29 जून 2026 को कतर की राजधानी दोहा में हुआ। कतर के रक्षा मंत्रालय की तरफ से ब्रिगेडियर जनरल (एयर) राशिद सुल्तान अल-हितमी ने इस पर हस्ताक्षर किए। वहीं, रूस के रक्षा मंत्रालय की तरफ से वाइस एडमिरल कलगानोव विक्टर एंड्रीविच ने इस समझौते को साइन किया।
समझौते का मुख्य उद्देश्य
इस नए सिस्टम का मुख्य काम यह है कि जब भी कोई गंभीर स्थिति या इमरजेंसी आए, तो दोनों देशों की सेनाएं तुरंत एक-दूसरे को सूचित कर सकें। इससे दोनों देशों के बीच सुरक्षा तालमेल और बेहतर होगा और संकट के समय तेजी से फैसले लिए जा सकेंगे।
यह समझौता मॉस्को और दोहा के बीच बढ़ते रक्षा संबंधों की एक नई शुरुआत है। इससे पहले जून के महीने में रूस की एक टीम कतर के कोस्ट गार्ड और बॉर्डर सिक्योरिटी विभाग में भी गई थी। कतर के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि उस मुलाकात का मकसद भी दोनों देशों के बीच सुरक्षा सहयोग को और मजबूत करना था।
