होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे राजस्थान के मर्चेंट नेवी अधिकारी, ईरानी सेना ने जहाज पर की गोलीबारी, पीएम मोदी से मदद की गुहार
राजस्थान के श्रीगंगानगर का एक परिवार इन दिनों बहुत डरा हुआ है. जिले के मर्चेंट नेवी अधिकारी संजय महार होर्मुज जलडमरूमध्य में फंसे एक जहाज पर हैं. ईरानी सेना ने इस जहाज को रोक लिया है, जिससे परिवार की चिंता काफी बढ़ गई है.
ईरानी सेना ने जहाज ‘एपामिनोंडास’ पर क्यों किया हमला
यह घटना 22 अप्रैल, 2026 को हुई जब ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने ‘एपामिनोंडास’ और ‘एमएससी फ्रांसेस्का’ नाम के दो कंटेनर जहाजों को जब्त किया. ईरान का दावा है कि इन जहाजों ने समुद्री नियमों का उल्लंघन किया और नेविगेशन सिस्टम से छेड़छाड़ की. UKMTO के मुताबिक, ईरानी नाव ने जहाज पर गोलीबारी की जिससे पुल को काफी नुकसान पहुंचा, हालांकि चालक दल के सदस्य सुरक्षित बताए गए हैं.
संजय महार और जहाज के चालक दल का हाल क्या है
38 वर्षीय संजय महार इस जहाज पर सेकेंड ऑफिसर और वाइस कैप्टन के तौर पर तैनात हैं. जहाज पर कुल 21 लोग सवार हैं, जिनमें भारत, फिलीपींस, यूक्रेन और श्रीलंका के नागरिक शामिल हैं. संजय वहां अकेले भारतीय नागरिक हैं. संपर्क टूटने से पहले उन्होंने एक वीडियो भेजा था जिसमें चालक दल के सदस्य काफी परेशान दिख रहे थे. फिलहाल जहाज पर इंटरनेट सेवाएं पूरी तरह बंद कर दी गई हैं.
भारत सरकार से मदद की मांग और अब तक की कार्रवाई
श्रीगंगानगर के विधायक जयदीप बिहानी ने 23 अप्रैल, 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर तुरंत राजनयिक प्रयास करने की मांग की है. उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी इस मामले में हस्तक्षेप की अपील की है. परिवार ने बताया कि संजय करीब 20 दिन पहले Dubai गए थे और चार दिन पहले इस जहाज पर सवार हुए थे, जो गुजरात के Mundra पोर्ट की ओर जा रहा था.