भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक 9 अगस्त को है और इसके नतीजे 10 अगस्त को सामने आएंगे।

अनुमान के अनुसार: अधिकतर विशेषज्ञ यह मानते हैं कि रेपो रेट में इस बार कोई बदलाव नहीं होगा, जिससे लोन की ईएमआई पर भी कोई असर नहीं पड़ेगा।

विशेषज्ञों की राय: अधिकतर विशेषज्ञ इस बार भी ब्याज दर में कोई बदलाव नहीं होने की संभावना को मजबूत मानते हैं, जिसका कारण मुद्रास्फीति दर में हाल की गिरावट है।

क्या कहते हैं एक्सपर्ट: दिग्गजों की राय में, आरबीआई आगामी बैठक में रेपो रेट को बदले बिना ही छोड़ सकता है, जिसका मुख्य कारण मुद्रास्फीति दर में घटाव है।

बोफा सिक्योरिटीज की रिपोर्ट: हाल में टमाटर की कीमतों में उछाल का भी नतीजों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।

पिछले बदलाव: पिछले साल, रिजर्व बैंक ने रेपो दर में बढ़ोतरी शुरू की थी, लेकिन इस साल फरवरी में उसे 6.50 प्रतिशत पर ठहराया गया।


महत्वपूर्ण जानकारी:

विषय जानकारी
बैठक की तारीख 9 अगस्त और 10 अगस्त (नतीजे)
अनुमानित रेपो रेट अपरिवर्तित
हाल की मुद्रास्फीति दर 5% से नीचे
जून में खुदरा मुद्रास्फीति 4.81%
फरवरी में रेपो दर 6.50 प्रतिशत