रियाद में यमन के हेल्थ सेक्टर को बेहतर बनाने के लिए एक बड़ी अंतरराष्ट्रीय मीटिंग हुई. इसमें सऊदी अरब, ब्रिटेन और यमन की सरकार ने मिलकर काम करने का फैसला किया है. इस मीटिंग का मुख्य मकसद यमन में स्वास्थ्य सेवाओं की कमी को दूर करना और नए अस्पतालों का निर्माण करना है ताकि आम लोगों को बेहतर इलाज मिल सके.
यमन की स्वास्थ्य सेवाओं के लिए क्या योजना बनाई गई है?
इस मीटिंग का मुख्य उद्देश्य यमन के नेशनल हेल्थ स्ट्रेटेजी को मजबूत करना और फंड की कमी को पूरा करना था. अधिकारियों ने स्वास्थ्य प्राथमिकताओं को एक साथ लाने पर चर्चा की ताकि जरूरी दवाइयां और इलाज लोगों तक पहुंच सकें. यमन के स्वास्थ्य मंत्री Dr. Qasim Buhaibeh ने सऊदी अरब और ब्रिटेन सहित सभी अंतरराष्ट्रीय पार्टनर्स का शुक्रिया अदा किया जिन्होंने मुश्किल समय में स्वास्थ्य सेवाओं को चालू रखने में मदद की.
यमन में कौन से नए मेडिकल प्रोजेक्ट्स शुरू होने वाले हैं?
SDRPY के सुपरवाइजर जनरल Ambassador Mohammed Al Jaber ने बताया कि स्वास्थ्य सेवाओं के बिना विकास संभव नहीं है. उन्होंने आने वाले समय के लिए कुछ बड़े प्रोजेक्ट्स की जानकारी दी:
- किंग सलमान मेडिकल एंड एजुकेशनल सिटी: यह अल-महरा में स्थित है और इसी साल से काम करना शुरू कर देगा.
- हद्रमौत यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल: इस बड़े अस्पताल के निर्माण का काम चल रहा है.
- ग्रामीण अस्पताल और मातृत्व केंद्र: कई अलग-अलग गवर्नरेट में ग्रामीण इलाकों के लिए अस्पताल और मातृत्व केंद्र बनाए जा रहे हैं.
इस बैठक में किन देशों और संस्थाओं ने हिस्सा लिया?
इस मीटिंग का आयोजन सऊदी डेवलपमेंट एंड रिकंस्ट्रक्शन प्रोग्राम फॉर यमन (SDRPY), ब्रिटेन के फॉरेन, कॉमनवेल्थ एंड डेवलपमेंट ऑफिस और यमन के स्वास्थ्य मंत्रालय ने मिलकर किया था. इस चर्चा में 20 से ज्यादा अंतरराष्ट्रीय डोनर्स और संयुक्त राष्ट्र (UN) की एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया. ब्रिटेन की राजदूत Abda Sharif ने नए यमनी हेल्थ फंड के जरिए सऊदी अरब द्वारा किए गए योगदान की सराहना की और अंतरराष्ट्रीय साझेदारी की मजबूती पर जोर दिया.
Frequently Asked Questions (FAQs)
किंग सलमान मेडिकल एंड एजुकेशनल सिटी कब से काम करना शुरू करेगा?
SDRPY के अनुसार, अल-महरा में स्थित यह मेडिकल सिटी इसी साल से अपना संचालन शुरू कर देगा.
यमन की स्वास्थ्य व्यवस्था सुधारने के लिए किन संस्थाओं ने हाथ मिलाया है?
इस काम के लिए सऊदी डेवलपमेंट एंड रिकंस्ट्रक्शन प्रोग्राम फॉर यमन (SDRPY), ब्रिटेन का फॉरेन ऑफिस और यमन का स्वास्थ्य मंत्रालय मिलकर काम कर रहे हैं.
