रियाद शहर को और बेहतर बनाने के लिए रॉयल कमीशन फॉर सिटी ऑफ रियाद (RCRC) ने एक बड़ा कदम उठाया है। शहर में रहने वालों के लिए जमीन तैयार करने और बुनियादी सुविधाओं को बढ़ाने के लिए 2.39 अरब रियाल के कॉन्ट्रैक्ट साइन किए गए हैं। इसका मुख्य मकसद शहर की आबादी बढ़ने के साथ लोगों को रहने के लिए बेहतर जगह उपलब्ध कराना है।

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इन प्रोजेक्ट्स को Ladun Investment Company और Al Ayuni Investment and Contracting Company के ग्रुप द्वारा पूरा किया जाएगा। इन कॉन्ट्रैक्ट्स के तहत सड़कों, पानी की सप्लाई, सीवरेज, बिजली और टेलीकम्युनिकेशन नेटवर्क जैसे जरूरी काम किए जाएंगे। यह पूरा काम Tawazun रियल एस्टेट प्रोग्राम का हिस्सा है, जिसे नागरिकों को विकसित आवासीय भूखंड (Residential Plots) देने के लिए शुरू किया गया था।

प्रोजेक्ट की मुख्य जानकारियां

विवरण जानकारी
कुल बजट 2.39 अरब रियाल
Al Qirawan और Al Narjis प्रोजेक्ट की कीमत 2.06 अरब रियाल
Namar प्रोजेक्ट की कीमत 327 मिलियन रियाल
Al Qirawan और Al Narjis का कुल एरिया लगभग 3.68 मिलियन वर्ग मीटर
Namar प्रोजेक्ट का एरिया 569,933 वर्ग मीटर
जमीन की अधिकतम कीमत 1,500 रियाल प्रति वर्ग मीटर
सालाना प्लॉट का लक्ष्य 10,000 से 40,000 प्लॉट

Tawazun प्लेटफॉर्म के जरिए जमीन पाने के लिए कुछ जरूरी नियम तय किए गए हैं। आवेदन करने वाला व्यक्ति सऊदी नागरिक होना चाहिए, उसकी उम्र कम से कम 25 साल होनी चाहिए या वह शादीशुदा होना चाहिए। साथ ही, उसके पास पहले से कोई जमीन नहीं होनी चाहिए और वह कम से कम तीन साल से रियाद का निवासी होना चाहिए।

सरकार ने जमीन की बिक्री को लेकर भी सख्त नियम बनाए हैं। आवंटित जमीन को 10 साल तक बेचा या गिरवी नहीं रखा जा सकेगा, सिवाय निर्माण के लिए लोन लेने के। अगर इस समय के भीतर जमीन पर निर्माण नहीं हुआ, तो सरकार उसे वापस ले लेगी और खरीदार को उसकी मूल कीमत लौटा दी जाएगी।

इस पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए RCRC के साथ-साथ Ministry of Justice, Real Estate General Authority और Riyadh Municipality जैसी संस्थाओं की निगरानी रही है। यह कदम Saudi Vision 2030 के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए उठाया गया है, ताकि रियाद दुनिया की टॉप 10 शहर अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो सके और यहां रहने वालों के जीवन स्तर में सुधार आए।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.