ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है. रूस ने खुलेआम ईरान का समर्थन करते हुए कहा है कि उसे शांति के लिए यूरेनियम बनाने का पूरा हक है. दूसरी तरफ अमेरिका ने चेतावनी दी है कि अब बातचीत का समय खत्म हो रहा है और सैन्य कार्रवाई भी की जा सकती है. इसी बीच UAE के परमाणु प्लांट के पास ड्रोन हमला होने से पूरे खाड़ी इलाके में डर का माहौल है.

रूस और ईरान की दलील क्या है और अमेरिका ने क्या कहा

रूस के टॉप डिप्लोमैट ने 18 मई 2026 को साफ किया कि ईरान को शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए यूरेनियम समृद्ध करने का पूरा अधिकार है. रूस के विदेश मंत्री Sergei Lavrov ने पहले भी कहा था कि यह ईरान का अटूट अधिकार है और IAEA को वहां किसी सैन्य तैयारी का सबूत नहीं मिला है. ईरान के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने भी कहा कि यह अधिकार बातचीत का विषय नहीं है और अंतरराष्ट्रीय कानून NPT के तहत उन्हें यह हक मिला है. वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने चेतावनी दी कि नया समझौता करने का समय अब खत्म हो रहा है और वे सैन्य विकल्पों पर विचार कर रहे हैं.

UAE और सऊदी अरब में ड्रोन हमलों का क्या असर है

तनाव सिर्फ बातों तक सीमित नहीं है. 17 मई 2026 को UAE के Barakah Nuclear Energy Plant के पास एक इलेक्ट्रिकल जनरेटर पर ड्रोन हमला हुआ जिससे आग लग गई. हालांकि किसी ने जिम्मेदारी नहीं ली लेकिन शक ईरान पर है. IAEA के चीफ Rafael Grossi ने इसे लेकर गंभीर चिंता जताई है और सैन्य संयम बरतने की अपील की है. इसी दौरान सऊदी अरब ने भी इराक की तरफ से आए तीन ड्रोन को हवा में ही मार गिराया. जर्मनी के चांसलर Friedrich Merz ने ईरान के इन हमलों की निंदा की है और उन्हें बातचीत की मेज पर आने को कहा है.

क्या शांति समझौता होगा और क्या हैं शर्तें

खबर है कि ईरान ने पाकिस्तान के जरिए अमेरिका को 14 पॉइंट का एक शांति प्लान भेजा है. लेकिन इस प्लान में परमाणु कार्यक्रम पर कोई समझौता नहीं किया गया है. दूसरी ओर अमेरिका ने शांति के लिए पांच शर्तें रखी हैं, जिनमें ईरान का यूरेनियम अमेरिका को सौंपना और जमी हुई संपत्ति का बहुत कम हिस्सा वापस करना शामिल है. चीन के विदेश मंत्री Wang Yi का कहना है कि Strait of Hormuz तभी खुलेगा जब अमेरिका और ईरान के बीच पूरा और स्थायी समझौता हो जाएगा.

Frequently Asked Questions (FAQs)

रूस ईरान के परमाणु कार्यक्रम का समर्थन क्यों कर रहा है?

रूस का मानना है कि NPT संधि के तहत ईरान को शांतिपूर्ण कामों के लिए यूरेनियम बनाने का कानूनी और अटूट अधिकार है.

UAE में ड्रोन हमले के बाद क्या स्थिति है?

Barakah परमाणु प्लांट के पास ड्रोन हमले से आग लगी थी, जिसके बाद IAEA के चीफ ने इसे लेकर गंभीर चिंता जताई है.

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.