सऊदी अरब में आने-जाने वालों और प्रवासियों के लिए बड़ी खबर है। अब देश में हवाई यात्रा और आसान होने वाली है क्योंकि सरकार हवाई क्षेत्र (airspace) की क्षमता बढ़ाने पर काम कर रही है। इससे फ्लाइट्स की भीड़ कम होगी और यात्रियों का समय बचेगा, जो खासतौर पर भारत आने-जाने वाले प्रवासियों के लिए मददगार होगा।

सऊदी शुरा काउंसिल ने General Authority of Civil Aviation (GACA) से कहा है कि हवाई क्षेत्र की क्षमता बढ़ाने वाले प्रोजेक्ट को जल्द पूरा किया जाए। सरकार चाहती है कि हवाई यातायात में हो रही तेजी को देखते हुए इंफ्रास्ट्रक्चर को भी अपडेट किया जाए ताकि विमानों की आवाजाही में कोई रुकावट न आए और कंजेशन की समस्या खत्म हो सके।

Vision 2030 और एविएशन लक्ष्य

यह पूरा कदम Saudi Vision 2030 का हिस्सा है, जिसका मकसद सऊदी अरब को दुनिया का एक बड़ा एविएशन हब बनाना है। इसके लिए 2022 में नेशनल एविएशन स्ट्रेटजी (NAS) शुरू की गई थी। सरकार ने आने वाले समय के लिए कुछ बड़े लक्ष्य तय किए हैं, जो नीचे दी गई टेबल में देखे जा सकते हैं:

लक्ष्य (Target) वर्तमान स्थिति (2024-25) 2030 का लक्ष्य
सालाना यात्री संख्या 140.9 मिलियन 330 मिलियन
अंतरराष्ट्रीय डेस्टिनेशन 176 250 से ज़्यादा
सालाना एयर फ्रेट (कार्गो) 0.8 मिलियन टन 4.5 मिलियन टन
GDP में योगदान 74.6 बिलियन डॉलर
रोज़गार के अवसर 1.2 मिलियन नौकरियां
कुल निवेश 100 बिलियन डॉलर से ज़्यादा

नए एयरपोर्ट और एयरलाइंस का विस्तार

सऊदी अरब में अब हवाई नेटवर्क को फैलाने के लिए Riyadh Air और Saudia जैसी एयरलाइंस पर ज़ोर दिया जा रहा है। बुनियादी ढांचे को मज़बूत करने के लिए रियाद में King Salman International Airport बनाया जा रहा है, जहाँ 2030 तक सालाना 120 मिलियन यात्री पहुँच सकेंगे। वहीं जेद्दा के King Abdulaziz International Airport का भी विस्तार किया जा रहा है।

इसके अलावा, Boeing Saudi Arabia और KAUST जैसी संस्थाएं अब ड्रोन और ऑटोमेटेड फ्लाइट्स (AAM) की संभावनाओं पर काम कर रही हैं। इससे भविष्य में हवाई यात्रा और ज़्यादा आधुनिक और सुरक्षित हो जाएगी।

यात्रियों के लिए अन्य बदलाव

GACA ने पहले ही हवाई क्षेत्र को सभी एयरलाइंस के लिए खोल दिया है ताकि अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी बढ़े। साथ ही, निवेश को बढ़ावा देने के लिए कुछ नियमों में ढील दी गई है और 2026 के लिए 30 से ज़्यादा नए घरेलू और अंतरराष्ट्रीय रूट शुरू करने की योजना है। इन बदलावों से प्रवासियों और पर्यटकों को सस्ती और ज़्यादा फ्लाइट्स के विकल्प मिलेंगे।