सऊदी अरब के अल-जौफ क्षेत्र में दिव्यांग बच्चों के लिए एक नया रिहैबिलिटेशन कॉम्प्लेक्स बनाया जा रहा है। यह सेंटर बच्चों की पढ़ाई और उनके इलाज के लिए एक बड़ा कदम होगा। प्रिंस फैसल बिन नवाफ बिन अब्दुलअजीज ने इस प्रोजेक्ट की पूरी जानकारी ली है ताकि बच्चों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।

सेंटर में क्या-क्या सुविधाएं मिलेंगी?

यह पूरा कॉम्प्लेक्स लगभग 15,000 स्क्वायर मीटर के बड़े इलाके में फैला होगा। यहाँ बच्चों के लिए कई खास इंतजाम किए गए हैं:

  • स्कूल: दिव्यांग लड़कों और लड़कियों के लिए अलग-अलग स्कूल होंगे।
  • डेकेयर सेंटर: बच्चों की देखभाल के लिए एक आधुनिक डेकेयर सेंटर बनाया जाएगा।
  • रिहैबिलिटेशन सेंटर: यहाँ बच्चों को फिजियोथेरेपी, ऑक्यूपेशनल थेरेपी, स्पीच और लैंग्वेज थेरेपी के साथ-साथ बिहेवियरल डिसऑर्डर थेरेपी भी दी जाएगी।

इस प्रोजेक्ट का मुख्य मकसद क्या है?

इस सेंटर का मकसद दिव्यांग बच्चों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उनके जीवन की गुणवत्ता को सुधारना है। यह एक नॉन-प्रॉफिट प्रोजेक्ट है जिसे अंतरराष्ट्रीय मानकों के हिसाब से तैयार किया जाएगा। प्रिंस फैसल बिन नवाफ बिन अब्दुलअजीज ने कहा कि ऐसे काम सऊदी विजन 2030 के लक्ष्यों को पूरा करने और गैर-लाभकारी क्षेत्र को मजबूत करने में मदद करेंगे।

बिल्डिंग का डिजाइन और बनावट कैसी होगी?

इस कॉम्प्लेक्स के डिजाइन में अल-जौफ की स्थानीय शहरी विशेषताओं का ध्यान रखा गया है। इसे पर्यावरण के अनुकूल (Environment friendly) बिल्डिंग स्टैंडर्ड्स के आधार पर बनाया जाएगा। इससे न केवल सेंटर टिकाऊ रहेगा बल्कि इसे चलाने में भी आसानी होगी। इस प्रोजेक्ट की जानकारी चिल्ड्रेन विद डिसएबिलिटीज एसोसिएशन के सीईओ डॉ. अहमद बिन अब्दुलअजीज अल-तमीमी ने प्रिंस को दी थी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

यह कॉम्प्लेक्स कहाँ बनाया जा रहा है?

यह रिहैबिलिटेशन कॉम्प्लेक्स सऊदी अरब के अल-जौफ क्षेत्र के सकाका (Sakaka) शहर में बनाया जा रहा है।

इस सेंटर का कुल क्षेत्रफल कितना है?

इस कॉम्प्लेक्स का निर्माण लगभग 15,000 स्क्वायर मीटर के अनुमानित क्षेत्र में किया जा रहा है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.