सऊदी अरब के अल-खर्ज (Al-Kharj) इलाके में एक रिहायशी जगह पर बड़ा हमला हुआ है। इस ईरानी हमले में एक भारतीय और एक बांग्लादेशी नागरिक की मौत हो गई है। इसके अलावा 12 बांग्लादेशी कामगार घायल हुए हैं। खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के चीफ जसीम अल्बुदैवी ने आम नागरिकों को निशाना बनाने वाले इस हमले की कड़ी निंदा की है और सऊदी अरब का पूरा साथ देने की बात कही है।

हमले से जुड़ी मुख्य बातें और नुकसान

यह हमला रविवार, 8 मार्च 2026 को हुआ। सऊदी सिविल डिफेंस के अनुसार, यह मिसाइल या ड्रोन एक मेंटेनेंस और क्लीनिंग कंपनी के वर्कर कैंप पर गिरा। इस धमाके से कैंप को भारी नुकसान पहुंचा है।

  • जिम्मेदारी: ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है और कहा है कि उनका निशाना रडार सिस्टम था।
  • सऊदी का बचाव: सऊदी रक्षा मंत्रालय ने बताया कि उन्होंने वीकेंड में 33 ड्रोन्स को मार गिराया है, जो रियाद को निशाना बना रहे थे।
  • नियमों का उल्लंघन: GCC ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानूनों का सीधा उल्लंघन बताया है और संयुक्त राष्ट्र से एक्शन की मांग की है।

फ्लाइट्स और आम लोगों के लिए अलर्ट

लगातार हो रहे इन हमलों के कारण रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने यात्रियों के लिए अलर्ट जारी किया है। यात्रियों को अपनी फ्लाइट का स्टेटस बार-बार चेक करने को कहा गया है क्योंकि एयर डिफेंस सिस्टम लगातार काम कर रहे हैं।

खतरे को देखते हुए अमेरिका ने भी सऊदी अरब में मौजूद अपने दूतावास से गैर-जरूरी कर्मचारियों को तुरंत वापस बुलाने का आदेश दिया है। रियाद इलाके में रह रहे प्रवासियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। आम लोगों से अपील की गई है कि वे स्थानीय प्रशासन के सभी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.