सऊदी अरब के अल-लैथ प्रांत में जमीन के नीचे छिपे इतिहास का एक बड़ा हिस्सा सामने आया है। हेरिटेज अथॉरिटी ने अल-सरेन (Al-Sarain) साइट पर खुदाई के दौरान एक पुरानी मस्जिद और चीन के दुर्लभ मिट्टी के बर्तन खोज निकाले हैं। यह खोज बताती है कि सैकड़ों साल पहले सऊदी अरब का यह इलाका व्यापार और हज यात्रियों के लिए कितना महत्वपूर्ण बंदरगाह हुआ करता था। सऊदी और चीन के एक्सपर्ट्स की टीम यहाँ लंबे समय से रिसर्च कर रही है ताकि इस क्षेत्र के ऐतिहासिक महत्व को दुनिया के सामने लाया जा सके।

खुदाई में मिली मस्जिद और पुरानी इमारतों के अवशेष

सऊदी अरब की हेरिटेज कमीशन ने बताया कि अल-सरेन साइट पर चौथे सीजन की खुदाई के दौरान कई बड़ी चीजें मिली हैं। यहाँ साइट के दक्षिण-पश्चिम हिस्से में एक पुरानी मस्जिद के अवशेष मिले हैं। इसके साथ ही रहने के घर, सामान रखने के गोदाम और मिट्टी के बर्तन बनाने वाली भट्टियां भी पाई गई हैं। पुरातत्व विभाग को यहाँ एक लंबी दीवार भी मिली है जो इस जगह को दक्षिण, उत्तर और पश्चिमी तरफ से घेरे हुए थी। इससे पुराने समय में शहरों के बसने और उनके काम करने के तरीके की जानकारी मिलती है।

चीन के साथ पुराने व्यापारिक रिश्तों के मिले सबूत

इस साइट पर कई तरह के प्राचीन सामान मिले हैं जिनमें मिट्टी के बर्तन, धूपदान, पत्थर के औजार, मोतियों की माला और कांच की चीजें शामिल हैं। सबसे महत्वपूर्ण खोज चीन के Northern Song Dynasty (960-1127 ईस्वी) के समय का एक मिट्टी का जार है। इस जार पर चीनी भाषा के कुछ शब्द लिखे हुए हैं जो अब थोड़े धुंधले हो चुके हैं। यह खोज बताती है कि उस समय सऊदी अरब के लाल सागर वाले इलाकों का चीन के साथ सीधा व्यापार होता था। यह बंदरगाह मक्का, यमन और पूर्वी एशिया के बीच व्यापार और हज यात्रियों के लिए एक बड़ा केंद्र था।

Nura Basta

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