सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 30 लोगों को गिरफ्तार किया है। इन लोगों ने भरोसा तोड़कर उन प्रवासियों को पनाह दी और उन्हें एक जगह से दूसरी जगह पहुँचाया, जिनके पास रहने और काम करने के वैध कागजात नहीं थे। मंत्रालय ने साफ किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।

पकड़े गए लोगों को क्या सजा मिलेगी?

मंत्रालय ने बताया कि अवैध प्रवासियों की मदद करने वालों के लिए बहुत सख्त सजा तय की गई है। पकड़े गए 30 लोगों को अब इन पेनल्टी का सामना करना पड़ेगा:

  • जेल: दोषी पाए जाने पर 15 साल तक की जेल हो सकती है।
  • जुर्माना: 10 लाख सऊदी रियाल तक का भारी आर्थिक जुर्माना लगेगा।
  • चेहरा उजागर: दोषियों की पहचान सार्वजनिक की जाएगी यानी उनका नाम और चेहरा सबके सामने लाया जाएगा।
  • संपत्ति की जब्ती: प्रवासियों को छिपाने के लिए जिस घर या गाड़ी का इस्तेमाल किया गया, उसे सरकार जब्त कर लेगी।

नियमों के उल्लंघन की शिकायत कहाँ करें?

सऊदी सरकार ने आम जनता से अपील की है कि अगर उन्हें किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि या नियमों के उल्लंघन का पता चले, तो तुरंत इसकी सूचना दें। इसके लिए अलग-अलग शहरों के लिए नंबर जारी किए गए हैं:

इलाका/शहर संपर्क नंबर
मक्का, मदीना, रियाद और पूर्वी प्रांत 911
किंगडम के अन्य सभी क्षेत्र 999 और 996

यह कार्रवाई उन प्रवासियों और मददगारों के लिए एक चेतावनी है जो देश के कानून को ताक पर रखकर अवैध तरीके से रहने या काम करने की कोशिश करते हैं।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.