सऊदी अरब के गृह मंत्रालय (Ministry of Interior) ने अवैध निवासियों के खिलाफ अपनी साप्ताहिक रिपोर्ट जारी की है। सुरक्षा बलों द्वारा चलाए गए संयुक्त अभियान में सिर्फ एक हफ्ते के अंदर 21,022 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई 26 फरवरी से 4 मार्च के बीच पूरे किंगडम में की गई। पकड़े गए लोगों में रेजीडेंसी (Iqama), बॉर्डर सिक्योरिटी और लेबर लॉ का उल्लंघन करने वाले शामिल हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा नियमों का पालन न करने वालों पर यह सख्ती जारी रहेगी।

किन नियमों को तोड़ने पर हुई गिरफ्तारी?

मंत्रालय द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के मुताबिक, सबसे ज्यादा गिरफ्तारियां रेजीडेंसी नियमों यानी इकामा से जुड़े उल्लंघन के मामलों में हुई हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि कुल 21,022 गिरफ्तारियों में से अलग-अलग श्रेणियों का डेटा इस प्रकार है:

  • Residency Law Violators: 15,038 लोग
  • Border Security Law Violators: 3,484 लोग
  • Labor Law Violators: 2,500 लोग

इसके अलावा, बॉर्डर पार करके सऊदी अरब में अवैध रूप से घुसने की कोशिश करते हुए 1,466 लोगों को पकड़ा गया। इनमें से अधिकतर इथियोपियाई और यमनी नागरिक थे। वहीं, कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद 8,511 लोगों को देश से वापस (Deport) भेज दिया गया है, जबकि 13,854 लोगों को ट्रेवल डॉक्यूमेंट बनवाने के लिए उनके दूतावासों (Diplomatic Missions) के पास भेजा गया।

मदद करने वालों पर लगेगा भारी जुर्माना

सऊदी गृह मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि जो भी व्यक्ति अवैध निवासियों की मदद करेगा, उस पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अवैध रूप से रहने वालों को ट्रांसपोर्ट, शेल्टर या नौकरी देने को एक बड़ा अपराध माना गया है।

ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने पर 15 साल तक की जेल और 10 लाख रियाल (SR1 million) तक का जुर्माना हो सकता है। इसके अलावा, अपराध में इस्तेमाल किए गए वाहनों और घरों को जब्त करने का भी प्रावधान है। आम जनता से अपील की गई है कि वे मक्का, रियाद और पूर्वी क्षेत्रों में 911 पर और बाकी जगहों पर 999 या 996 पर कॉल करके ऐसे उल्लंघनों की रिपोर्ट करें।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.