सऊदी अरब के गृह मंत्रालय ने अवैध प्रवासियों के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। 9 जुलाई से 15 जुलाई 2026 के बीच हुई छापेमारी में रेजीडेंसी, लेबर और बॉर्डर सुरक्षा कानून तोड़ने वाले 15,800 से अधिक लोगों को पकड़ा गया। इस कार्रवाई के दौरान 12,000 से ज्यादा लोगों को देश से डिपोर्ट भी कर दिया गया है।
किस तरह के उल्लंघन पर हुई कार्रवाई
पकड़े गए लोगों में 7,892 लोग रेजीडेंसी नियमों का उल्लंघन करने वाले थे, जबकि 4,617 लोग बॉर्डर सुरक्षा और 3,327 लोग लेबर कानूनों को तोड़ते हुए पाए गए। वर्तमान में, 30,000 से अधिक विदेशी नागरिक कानूनी प्रक्रिया से गुजर रहे हैं, जिनमें 2,500 महिलाएं शामिल हैं। अब तक 17,000 से ज्यादा लोगों को उनके दूतावासों में भेजा गया है ताकि वे जरूरी कागजात हासिल कर सकें और 6,000 लोग अपनी यात्रा की बुकिंग पूरी कर चुके हैं।
सीमा पार करने वालों पर कड़ी नज़र
बॉर्डर सुरक्षा के दौरान 1,631 लोगों को सऊदी अरब में अवैध रूप से घुसने की कोशिश करते हुए पकड़ा गया। इनमें से 65% इथियोपियाई और 33% यमनी नागरिक थे। इसके अलावा, 42 लोगों को देश से अवैध रूप से बाहर निकलने की कोशिश में पकड़ा गया।
गृह मंत्रालय ने चेतावनी दी है कि जो भी व्यक्ति अवैध प्रवासियों को लाने, ले जाने या उन्हें पनाह देने में मदद करेगा, उसे 15 साल तक की जेल, 10 लाख सऊदी रियाल तक का जुर्माना और गाड़ी या घर की जब्ती जैसी कड़ी सजा भुगतनी पड़ेगी। इस तरह के अपराध को सम्मान और भरोसे को ठेस पहुँचाने वाला गंभीर मामला माना जाता है। किसी भी तरह की जानकारी देने के लिए मक्का, मदीना, रियाद और पूर्वी क्षेत्रों में 911 पर या अन्य क्षेत्रों में 999 और 996 पर संपर्क किया जा सकता है।
