नई दिल्ली में BRICS देशों के विदेश मंत्रियों की एक अहम बैठक हुई। इस मीटिंग में सऊदी अरब की ओर से डिप्टी मिनिस्टर Waleed Al-Khereiji ने हिस्सा लिया। उन्होंने दुनिया को बताया कि Gulf क्षेत्र व्यापार और तेल के लिए कितना जरूरी है और यहां कोई भी परेशानी पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को बिगाड़ सकती है।
Gulf क्षेत्र क्यों है दुनिया के लिए इतना जरूरी?
सऊदी अरब के डिप्टी मिनिस्टर ने बैठक में कहा कि Gulf क्षेत्र ग्लोबल ट्रेड का सबसे बड़ा केंद्र है। एशिया और यूरोप के बीच सामान लाने-ले जाने वाले समुद्री रास्ते इसी क्षेत्र से गुजरते हैं। दुनिया की ऊर्जा सप्लाई का एक बड़ा हिस्सा Arabian Gulf और Red Sea के रास्तों से आता है, इसलिए यह इलाका व्यापार के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।
सुरक्षा में चूक से कैसे बढ़ेगी महंगाई?
बैठक में चेतावनी दी गई कि अगर Gulf क्षेत्र की सुरक्षा या स्थिरता को कोई नुकसान पहुँचता है, तो इसका असर तुरंत ग्लोबल एनर्जी मार्केट पर पड़ेगा। इससे पूरी दुनिया में महंगाई बढ़ सकती है और आर्थिक विकास की रफ्तार धीमी हो सकती है। सऊदी अरब ने तनाव कम करने और अंतरराष्ट्रीय कानूनों का पालन करने की बात कही। उन्होंने Gulf देशों और जॉर्डन पर हुए हालिया हमलों पर भी चिंता जताई।
BRICS में सऊदी अरब और भारत की क्या भूमिका है?
सऊदी अरब जनवरी 2024 से BRICS का आधिकारिक सदस्य बन चुका है। भारत साल 2026 में BRICS की अध्यक्षता कर रहा है, इसीलिए विदेश मंत्रियों की यह बैठक नई दिल्ली में आयोजित की गई। सऊदी अरब ने खुद को एक निष्पक्ष पार्टनर बताया है जो क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय तनाव को खत्म करने और आपसी सहयोग बढ़ाने में मदद करना चाहता है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
BRICS की यह बैठक कहाँ और कब हुई?
यह बैठक 14 मई 2026 को भारत की राजधानी नई दिल्ली में हुई, जिसकी अध्यक्षता भारत कर रहा है।
सऊदी अरब ने सुरक्षा को लेकर क्या चिंता जताई?
सऊदी अरब ने Gulf देशों और जॉर्डन पर हुए हमलों पर गहरी चिंता जताई और सभी देशों से संयम बरतने की अपील की ताकि तनाव और न बढ़े।
