मिडिल ईस्ट में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। ईरान ने जॉर्डन, बहरीन और कुवैत पर मिसाइल और ड्रोन से हमले किए हैं। इस घटना के बाद सऊदी अरब ने कड़ी नाराजगी जताई है और दुनिया से शांति की अपील की है।

ईरान के ड्रोन और मिसाइल हमलों से मची हलचल

ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने जॉर्डन, कुवैत और बहरीन के सैन्य ठिकानों पर ड्रोन और मिसाइल दागे। जॉर्डन के अल-अज्रक एयर बेस, कुवैत के अली अल सालेम और अहमद अल जाबेर एयर बेस और बहरीन के शेख ईसा एयर बेस को निशाना बनाया गया। जॉर्डन के डिफेंस सिस्टम ने 20 मिसाइलों को हवा में ही मार गिराया। वहीं बहरीन में ड्रोन के मलबे से एक 11 साल की बच्ची घायल हो गई और कई घरों को नुकसान पहुँचा। कुवैत सरकार ने सुरक्षा कारणों से कुछ समय के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया था।

सऊदी अरब और अन्य देशों ने जताई नाराजगी

सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने 11 जून 2026 को एक आधिकारिक बयान जारी किया। इसमें ईरान के इन हमलों की कड़ी निंदा की गई। सऊदी सरकार ने कहा कि किसी भी देश की संप्रभुता का उल्लंघन करना गलत है और इससे पूरे इलाके में तनाव बढ़ता है। सऊदी अरब ने सभी देशों से शांति बनाए रखने और कूटनीति का रास्ता अपनाने की मांग की। इसके अलावा यूएई (UAE) और चीन ने भी इन हमलों की निंदा की और तुरंत सैन्य कार्रवाई रोकने की अपील की।

शांति के लिए हो रही कोशिशें

इस तनाव को कम करने के लिए पाकिस्तान और कतर मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं। 10 जून 2026 को कतर, पाकिस्तान और सऊदी अरब के प्रतिनिधि तेहरान पहुँचे। वहां एक समझौते (MOU) पर चर्चा की गई ताकि युद्ध की स्थिति को टाला जा सके और सुरक्षा वापस लौट आए। बता दें कि यह पूरा विवाद फरवरी 2026 में अमेरिका और इसराइल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद शुरू हुआ था।

Frequently Asked Questions (FAQs)

बहरीन में ईरान के हमले का क्या असर हुआ

बहरीन में ड्रोन हमलों के दौरान इंटरसेप्ट हुए ड्रोन के मलबे से एक 11 साल की बच्ची घायल हो गई और कई घरों को नुकसान पहुँचा।

शांति स्थापित करने के लिए कौन से देश मदद कर रहे हैं

पाकिस्तान और कतर इस विवाद में मध्यस्थता कर रहे हैं। 10 जून 2026 को प्रतिनिधिमंडल तेहरान गया था ताकि एक शांति समझौते पर चर्चा की जा सके।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.