Yemen Crisis: सऊदी अरब ने यमन के एडेन शहर में भेजी राहत सामग्री, 13 ट्रकों में भरकर पहुंचे 4,680 फूड बास्केट

Sushma Kumari10 August 20263 min read58 viewsYemen
Yemen Crisis: सऊदी अरब ने यमन के एडेन शहर में भेजी राहत सामग्री, 13 ट्रकों में भरकर पहुंचे 4,680 फूड बास्केट

सऊदी अरब ने यमन में चल रहे मानवीय संकट के बीच मदद का हाथ आगे बढ़ाया है और वहां राहत सामग्री भेजी है। किंग सलमान ह्यूमैनिटेरियन एड एंड रिलीफ सेंटर (KSrelief) के माध्यम से 13 राहत ट्रकों को यमन के एडेन शहर भेजा गया, जिनमें कुल 4,680 फूड बास्केट शामिल थे। इस सहायता के बारे में Saudi Press Agency (SPA) की रिपोर्ट सामने आई, जिसके जरिए सऊदी अरब की तरफ से लगातार दी जा रही मदद का पता चलता है। इससे पहले मई 2026 में भी इसी संगठन ने एडेन में विस्थापित परिवारों और स्थानीय लोगों के बीच 2,734 फूड बास्केट्स बांटे थे, जिससे कुल 14,469 लोग लाभांवित हुए थे।

यमन में गहराता मानवीय संकट और भुखमरी की समस्या

यमन देश इस समय बहुत बड़े मानवीय संकट से गुजर रहा है और वहां के हालात आम जनता के लिए बहुत कठिन बने हुए हैं। वर्ष 2026 के आंकड़ों के अनुसार, यमन में लगभग 18.3 मिलियन लोग गंभीर रूप से भुखमरी और खाद्य असुरक्षा का सामना कर रहे हैं। इसके अलावा 2.2 मिलियन से ज्यादा पांच साल से छोटे बच्चे गंभीर कुपोषण का शिकार हैं। हालात इतने खराब हैं कि लगभग 1.3 मिलियन गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाएं भी कुपोषण की चपेट में आने की आशंका में हैं। दूसरी ओर, देश के स्वास्थ्य ढांचे की स्थिति भी बहुत कमजोर हो चुकी है और केवल 59.3 प्रतिशत स्वास्थ्य केंद्र ही पूरी तरह से काम कर रहे हैं।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

सऊदी अरब की तरफ से अन्य राहत कार्य और आर्थिक सहायता

सऊदी अरब सरकार केवल खाने-पीने का सामान ही नहीं भेज रही है, बल्कि स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं को सुधारने के लिए भी लगातार काम कर रही है। पिछले दिनों 7 अगस्त 2026 को सऊदी अरब ने यमन भर में एक लाख से ज्यादा यानी कुल एक मिलियन मच्छरदानी बांटने का अभियान शुरू किया था, जिस पर कीटनाशक दवा का छिड़काव किया गया है ताकि मलेरिया जैसी बीमारियों से लोगों को बचाया जा सके। इसके अलावा 155 सोमाली शरणार्थियों को उनके देश वापस भेजने में भी मदद की गई है। सऊदी सरकार ने यमन की अर्थव्यवस्था को संभालने के लिए भी बड़ा कदम उठाया और मई 2026 में यमन के अलग-अलग गवर्नरेट में बिजली संयंत्रों को चलाने के लिए 150 मिलियन डॉलर के पेट्रोलियम उत्पादों की सहायता दी। इससे पहले सितंबर 2025 में भी एडेन में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त यमन की सरकार को करीब 368 मिलियन डॉलर की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया गया था।

संघर्ष का बढ़ता खतरा और अंतरराष्ट्रीय चिंता

यह तमाम मानवीय सहायता ऐसे समय में दी जा रही है जब यमन में संघर्ष और लड़ाई फिर से तेज होने की आशंका बनी हुई है। हालिया रिपोर्ट्स में मोखा जैसे इलाकों में हूती विद्रोहियों द्वारा किए गए हमलों का जिक्र किया गया है। इन लगातार हमलों को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र (UN) के यमन के लिए विशेष दूत Hans Grundberg ने 10 अगस्त 2026 को गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ऐसे हमले नहीं रुके तो यमन में एक बार फिर से पूर्ण पैमाने पर युद्ध शुरू हो सकता है। सऊदी अरब ने संयुक्त राष्ट्र द्वारा हूती हमलों की निंदा किए जाने का स्वागत किया है और यमन की वैध सरकार का समर्थन करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया है।

Share:

Comments

Leave a comment