सऊदी अरब के पब्लिक प्रोसिक्यूशन ने इलेक्ट्रॉनिक लेनदेन और डिजिटल सिग्नेचर के गलत इस्तेमाल को लेकर बड़ी चेतावनी जारी की है। अगर कोई व्यक्ति इन डिजिटल सुविधाओं का गलत इस्तेमाल करता पाया गया, तो उसे भारी जुर्माना और जेल की सजा हो सकती है। यह कदम डिजिटल ट्रांजेक्शन को सुरक्षित बनाने और धोखाधड़ी रोकने के लिए उठाया गया है।

सजा और जुर्माने का प्रावधान

सरकारी नियमों के मुताबिक, डिजिटल लेनदेन में गड़बड़ी करने वालों को 5 साल तक की जेल हो सकती है। इसके साथ ही, दोषी व्यक्ति पर 50 लाख (5 मिलियन) सऊदी रियाल तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है। सजा के साथ-साथ उन मोबाइल, कंप्यूटर, सिस्टम या सॉफ्टवेयर को भी जब्त कर लिया जाएगा, जिनका इस्तेमाल इस अपराध को करने के लिए किया गया था। कोर्ट के फैसले के बाद दोषी व्यक्ति के नाम का प्रकाशन भी उसके अपने खर्चे पर किया जा सकता है।

डिजिटल सुरक्षा के लिए कड़े नियम

यह चेतावनी इलेक्ट्रॉनिक ट्रांजेक्शन लॉ (Electronic Transactions Law) और ई-कॉमर्स रेगुलेशन के तहत दी गई है। सरकार का मकसद डिजिटल सेवाओं और ई-कॉमर्स के ढांचे में विश्वास बढ़ाना है। अप्रैल 2026 में एक नया एनफोर्समेंट लॉ (Enforcement Law) भी जारी किया गया, जो अक्टूबर 2026 से प्रभावी होगा। इस नए कानून में अदालती कार्रवाइयों, इलेक्ट्रॉनिक नोटिस और डिजिटल प्लेटफॉर्म के इस्तेमाल पर खास जोर दिया गया है।

प्रवासियों के लिए जरूरी जानकारी

सऊदी अरब में रहने वाले प्रवासियों के लिए यह समझना जरूरी है कि Absher जैसे सरकारी प्लेटफॉर्म और ई-कॉमर्स वेबसाइटों पर होने वाले सभी लेनदेन अब कानूनी निगरानी में हैं। किसी दूसरे की पहचान का गलत इस्तेमाल करना या फर्जी डिजिटल सिग्नेचर करना गंभीर अपराध माना जाएगा। ई-कॉमर्स नियमों के तहत सर्विस प्रोवाइडर्स को ग्राहकों के डेटा की सुरक्षा करनी होगी, वरना उन्हें 10 लाख रियाल तक का जुर्माना या उनकी सर्विस बंद करने जैसी सजा मिल सकती है।

इन बातों का रखें ध्यान

  • डिजिटल सिग्नेचर और इलेक्ट्रॉनिक ट्रांजेक्शन का उपयोग केवल कानूनी उद्देश्यों के लिए करें।
  • किसी भी अनधिकृत तरीके से डिजिटल रिकॉर्ड में बदलाव न करें।
  • ई-कॉमर्स लेनदेन के दौरान अपनी निजी जानकारी और डेटा की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
  • सरकारी प्लेटफॉर्म जैसे Absher का उपयोग करते समय नियमों का पालन करें।
Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.