सऊदी अरब में कानून का सख्त चेहरा सामने आया है। यहाँ सरकार ने चार विदेशी नागरिकों को मौत की सजा सुनाई और उसे लागू कर दिया। इसमें तीन इथियोपियाई नागरिक और एक यमनी नागरिक शामिल थे। यह पूरी कार्रवाई समाज को अपराधों से बचाने और सुरक्षा बनाए रखने के लिए की गई है।
किन लोगों को और क्यों दी गई मौत की सजा?
सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय ने बताया कि आसिर इलाके में तीन इथियोपियाई नागरिकों को हशीश (नशीला पदार्थ) की तस्करी करने के जुर्म में मौत की सजा दी गई। इसके अलावा, मक्का इलाके में एक यमनी नागरिक को फांसी दी गई। उस व्यक्ति पर बलात्कार, चोरी, ब्लैकमेल और हिंसा जैसे कई गंभीर अपराधों के आरोप साबित हुए थे।
सजा की कानूनी प्रक्रिया क्या रही?
इन सभी मामलों में सजा की प्रक्रिया को पूरी तरह कानूनी रखा गया। पहले सक्षम अदालत ने फैसला सुनाया और फिर सुप्रीम कोर्ट ने इस सजा को मंजूरी दी। 21 अप्रैल 2026 को इन सभी सजाओं को लागू कर दिया गया। सऊदी अरब का कानूनी सिस्टम शरिया कानून पर आधारित है, जहाँ राष्ट्रीय सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त सजा का प्रावधान है।
प्रवासियों के लिए यह खबर क्यों जरूरी है?
खासकर उन प्रवासियों और भारतीयों के लिए यह खबर एक चेतावनी है जो खाड़ी देशों में रहते हैं या वहां यात्रा करते हैं। सऊदी अरब में ड्रग्स से जुड़े अपराधों के खिलाफ सख्ती काफी बढ़ गई है। साल 2025 के आंकड़ों के मुताबिक, 356 लोगों को मौत की सजा दी गई, जिनमें से 240 लोग ड्रग्स के मामलों में शामिल थे। इनमें बड़ी संख्या विदेशी नागरिकों की थी, इसलिए वहां के नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है।
