सऊदी अरब अब अपनी खाने-पीने की ज़रूरतों के लिए दूसरों पर निर्भरता कम कर रहा है. जनरल अथॉरिटी फॉर स्टैटिस्टिक्स (GASTAT) की 2024 की नई रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य ने कई ज़रूरी चीज़ों के उत्पादन में 100% से ज़्यादा की उपलब्धि हासिल की है. यह कदम आने वाले समय में खाने-पीने की चीज़ों की कीमतों को स्थिर रखने और उनकी उपलब्धता पक्की करने में मदद करेगा.

ℹ️: Indian Ports Update: बंदरगाहों पर जमा 90% कार्गो हुआ क्लियर, मंत्री Sarbananda Sonowal ने दिए राहत के निर्देश

किन चीज़ों के उत्पादन में सऊदी अरब सबसे आगे रहा?

रिपोर्ट के अनुसार, सऊदी अरब ने पशु उत्पादों और सब्ज़ियों की कई श्रेणियों में अपनी ज़रूरत से ज़्यादा उत्पादन किया है. इसमें सबसे ज़्यादा बढ़त झींगे और डेयरी उत्पादों में देखी गई है. यहाँ मुख्य डेटा दिया गया है:

प्रोडक्ट आत्मनिर्भरता रेट (%)
झींगा (Shrimp) 149%
डेयरी उत्पाद 131%
खजूर (Dates) 121%
अंडे 103%
बैंगन 105%
भिंडी 102%
खीरा 101%
तोरई (Zucchini) 100%

खेती और किसानों के लिए क्या इंतज़ाम हुए?

सरकार ने कृषि क्षेत्र को मज़बूत करने के लिए भारी निवेश किया है. एग्रीकल्चरल डेवलपमेंट फंड ने साल 2025 में फूड सिक्योरिटी बढ़ाने के लिए 6.47 अरब सऊदी रियाल (लगभग 1.72 अरब डॉलर) के लोन मंज़ूर किए हैं. साल 2024 में 1.2 अरब रियाल से ज़्यादा की राशि ऐसी तकनीकों पर खर्च की गई जिससे पानी की बचत हुई और बिजली का खर्च कम हुआ. इसके अलावा, सऊदी अरब अब अफ्रीका में भी खेती के प्रोजेक्ट्स में निवेश कर रहा है ताकि भविष्य में खाने की कमी न हो.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.