सऊदी अरब ने अमेरिका के फ्लोरिडा में हुई G20 फाइनेंस और सेंट्रल बैंक डिप्टीज की तीसरी बैठक में हिस्सा लिया। इस मीटिंग में सऊदी अरब की तरफ से डिप्टी मिनिस्टर ऑफ फाइनेंस खालिद बवाज़ियर ने अपनी टीम का नेतृत्व किया। इस चर्चा का मुख्य मकसद दुनिया के सामने आ रही आर्थिक चुनौतियों से निपटना और देशों के बीच सहयोग बढ़ाना था।
G20 मीटिंग में सऊदी अरब ने किन बातों पर जोर दिया?
मीटिंग के दौरान खालिद बवाज़ियर ने इस साल की G20 फाइनेंस ट्रैक मीटिंग्स में हुई तरक्की की तारीफ की। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है जब केवल बातचीत के बजाय ऐसे नतीजों पर ध्यान दिया जाए जिन्हें असलियत में लागू किया जा सके। उन्होंने खासतौर पर इन 3 बातों को जरूरी बताया:
- सस्टेनेबल ग्रोथ: दुनिया भर में ऐसी आर्थिक तरक्की करना जो लंबे समय तक टिक सके।
- कर्ज का मुद्दा: संप्रभु ऋण (Sovereign Debt) के मामलों में कर्ज देने वाले देशों के बीच बेहतर तालमेल बनाना।
- आर्थिक सहयोग: बदलती वैश्विक चुनौतियों के बीच अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आर्थिक सहयोग को और मजबूत करना।
मीटिंग कब और कहां आयोजित हुई?
यह महत्वपूर्ण बैठक 14 और 15 मई 2026 को अमेरिका के फ्लोरिडा राज्य के फोर्ट लॉडरडेल (Fort Lauderdale) शहर में आयोजित की गई थी। इस बैठक में दुनिया के बड़े देशों के वित्त मंत्री और केंद्रीय बैंक के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया ताकि वैश्विक अर्थव्यवस्था को स्थिर रखने के तरीके खोजे जा सकें।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी अरब की ओर से G20 मीटिंग में किसका नेतृत्व था?
सऊदी अरब के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व अंतरराष्ट्रीय संबंधों के लिए वित्त उप मंत्री (Deputy Minister of Finance for International Relations) खालिद बवाज़ियर ने किया।
G20 की इस बैठक में किन मुख्य मुद्दों पर चर्चा हुई?
इस बैठक में सस्टेनेबल ग्रोथ, कर्ज देने वाले देशों के बीच बेहतर समन्वय और अंतरराष्ट्रीय आर्थिक सहयोग को मजबूत करने जैसे मुद्दों पर चर्चा की गई।
