सऊदी अरब के धार्मिक मामलों के प्रेसीडेंसी ने हज सीजन 1447 हिजरी (AH) की सफलता को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। प्रेसीडेंसी के अनुसार, इस साल हज के दौरान वहां काम करने वाली महिला कर्मचारियों ने महिला तीर्थयात्रियों की सेवा करने और उन्हें धार्मिक मार्गदर्शन देने में बेहद सराहनीय और बड़ी भूमिका निभाई है। राष्ट्रपति शेख डॉ. अब्दुर्रहमान अल-सुदैस ने भी इस बात की पुष्टि की है कि प्रेसीडेंसी की योजना पूरी तरह से सफल रही और सभी तय लक्ष्यों को पूरा किया गया।

हज सीजन 1447 AH में महिला कर्मचारियों ने कैसे की मदद?

धार्मिक मामलों के प्रेसीडेंसी के तहत काम करने वाली महिलाओं ने दोनों पवित्र मस्जिदों में महिला यात्रियों की सुविधा के लिए लगातार काम किया। इस दौरान महिला तीर्थयात्रियों के लिए कई खास कार्यक्रम चलाए गए थे:

  • कुरान पाठ पहल: मस्जिद-ए-नबवी में महिला प्रार्थना स्थलों पर महिलाओं के लिए 15 मई 2026 को कुरान पाठ कार्यक्रम शुरू किया गया था ताकि वे कुरान का सही अध्ययन कर सकें।
  • विशेष मार्गदर्शन सेवाएं: मस्जिद-ए-नबवी में महिला यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए 16 मई 2026 को एक विशेष पहल की गई थी, जिससे महिलाओं को विभिन्न धार्मिक स्थानों पर पहुंचने में आसानी हुई।
  • लाखों लोगों को मिला लाभ: प्रेसीडेंसी ने हज के दौरान कुल 166 विशेष और जागरूकता कार्यक्रम चलाए, जिससे करीब 68 लाख (6.8 मिलियन) से अधिक श्रद्धालुओं को सीधा लाभ पहुंचा।

हज यात्रा को लेकर क्या थे जरूरी नियम और गाइडलाइंस?

सऊदी अरब के गृह मंत्रालय और संबंधित विभागों ने इस साल हज को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए कई कड़े नियमों का पालन करवाया था:

  • मक्का में प्रवेश के नियम: मक्का में प्रवेश के लिए निवासियों के पास परमिट होना अनिवार्य किया गया था, जिसकी शुरुआत 13 अप्रैल 2026 से हुई थी।
  • उमराह परमिट पर रोक: हज यात्रियों की सुविधा के लिए 18 अप्रैल से लेकर 31 मई 2026 तक उमराह परमिट जारी करने पर रोक लगा दी गई थी।
  • नुसुक कार्ड अनिवार्य: विदेशों से आने वाले तीर्थयात्रियों के लिए वैध हज वीजा और सक्रिय नुसुक कार्ड होना पूरी तरह अनिवार्य किया गया था। बिना नुसुक कार्ड के पवित्र स्थलों पर प्रवेश पर पाबंदी थी।

महिला यात्रियों के लिए अल-अजहर ने क्या जारी की थी गाइडलाइन?

ग्लोबल सेंटर फॉर इलेक्ट्रॉनिक फतवा (अल-अजहर) ने हज पर जाने वाली महिलाओं के लिए कुछ जरूरी नियमों को स्पष्ट किया था। उन्होंने बताया कि शारीरिक और आर्थिक रूप से सक्षम महिलाओं के लिए हज करना अनिवार्य है। इसके साथ ही, अनिवार्य हज यात्रा पर जाने के लिए महिलाओं को पति की अनुमति की आवश्यकता नहीं होती है। उन्होंने एहराम, तवाफ, सई, बाल कटवाने और मासिक धर्म के दौरान हज से जुड़े नियमों को लेकर भी जरूरी बातें समझाई थीं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी अरब में हज सीजन 1447 AH के दौरान महिलाओं के लिए क्या पहल की गई थी?

इस दौरान महिलाओं के लिए विशेष कुरान पाठ और मस्जिद-ए-नबवी में मार्गदर्शन कार्यक्रम शुरू किए गए थे, जिससे महिला यात्रियों को काफी सहायता मिली।

हज सीजन में कुल कितनी पहलों की शुरुआत की गई और इससे कितने लोग लाभान्वित हुए?

धार्मिक मामलों के प्रेसीडेंसी ने कुल 166 विशेष कार्यक्रम चलाए, जिससे 6.8 मिलियन (68 लाख) से अधिक लोगों को मदद मिली।

हज के दौरान मक्का में प्रवेश के लिए कौन से नियम लागू थे?

तीर्थयात्रियों के लिए वैध हज वीजा और एक सक्रिय नुसुक कार्ड रखना अनिवार्य था, साथ ही निवासियों के लिए विशेष परमिट की व्यवस्था की गई थी।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com