सऊदी अरब के पवित्र स्थल अराफात में इस समय भक्ति का एक अनोखा माहौल देखने को मिल रहा है। साल 2026 के हज के मौके पर 16 लाख से ज्यादा जायरीन अराफात की पहाड़ियों यानी जबल अल-रहमह पर इकट्ठा हुए हैं। इस पवित्र दिन पर सभी हाजी खुदा की इबादत में डूबे नजर आए। सऊदी प्रशासन ने इस भीड़ को संभालने और सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए बहुत बड़े इंतजाम किए हैं ताकि किसी भी यात्री को कोई परेशानी न हो।
अराफात में जुटे लाखों हाजी, प्रशासन ने किए खास इंतजाम
सऊदी अरब के अधिकारियों ने अराफात मैदान और जबल अल-रहमह के आसपास हाजियों की सुरक्षा और सुविधा के लिए चौबीसों घंटे काम करने वाले मेडिकल और गाइडेंस नेटवर्क तैनात किए हैं। नामिरा मस्जिद में शेख अली बिन अब्दुर्रहमान अल-हुदैफी ने अराफात का खुतबा दिया। तेज धूप से बचने के लिए जायरीन छतरियां लेकर दुआएं मांगते दिखे। हज और उमराह मंत्रालय ने भीड़ को काबू में रखने के लिए पैदल रास्तों और गाड़ियों के रूट को पूरी तरह व्यवस्थित किया है ताकि पैदल चलने वाले हाजियों को आसानी हो।
बिना परमिट हज करने पर लगेगा 20,000 रियाल का जुर्माना
सऊदी अरब सरकार ने सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए इस साल बेहद सख्त नियम लागू किए हैं। अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि बिना वैध हज परमिट के किसी भी व्यक्ति को मक्का और पवित्र स्थलों में प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
- भारी जुर्माना: बिना परमिट के हज करने की कोशिश करने वालों पर 20,000 रियाल तक का जुर्माना लगाया जा रहा है।
- डिपोर्ट और बैन: नियम तोड़ने वाले प्रवासियों को देश से डिपोर्ट किया जाएगा और उन पर 10 साल तक सऊदी अरब आने पर पाबंदी रहेगी।
- मददगारों पर कार्रवाई: अवैध प्रवासियों की मदद करने या उन्हें लाने-ले जाने वाले वाहनों को जब्त कर लिया जाएगा और दोषियों पर 100,000 रियाल तक का जुर्माना लगेगा।
- स्वास्थ्य प्रतिबंध: स्वास्थ्य मंत्रालय ने गंभीर रूप से बीमार लोगों जैसे हार्ट या किडनी फेलियर, कैंसर और गर्भवती महिलाओं के हज करने पर रोक लगाई है।
डिजिटल सेवाओं और नुसुक ऐप का बड़ा सहयोग
हज और उमराह मंत्री तौफीक अल-रबिया ने बताया कि हाजियों की सुविधा के लिए 100 से अधिक नई पहल शुरू की गई हैं। नुसुक (Nusuk) ऐप के जरिए 5.1 करोड़ से ज्यादा यूजर्स को डिजिटल सुविधाएं दी जा रही हैं। इस पूरे अभियान का मकसद सुरक्षा को मजबूत करना और आपातकालीन सेवाओं को समय पर पहुंचाना है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी अरब में बिना परमिट हज करने पर क्या सजा है?
बिना वैध परमिट के हज करने पर 20,000 रियाल का जुर्माना लगता है। विदेशी नागरिकों को डिपोर्ट कर उन पर 10 साल का बैन भी लगाया जा सकता है।
हज 2026 के लिए कौन से स्वास्थ्य प्रतिबंध लागू हैं?
सऊदी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, गंभीर रूप से बीमार लोग जैसे किडनी या लीवर फेलियर, गंभीर दिल की बीमारी और गर्भावस्था के आखिरी दौर में मौजूद महिलाएं इस बार हज यात्रा नहीं कर सकती हैं।