सऊदी अरब में इस साल के हज की शुरुआत हो चुकी है और दुनियाभर से आए लाखों अकीदतमंद मीना पहुंच रहे हैं। इसी कड़ी में ईरान से आए लगभग 7,400 सुन्नी हज यात्रियों को मीना में उनके तय किए गए टेंटों में सुरक्षित पहुंचा दिया गया है। सोमवार, 25 मई 2026 की सुबह तक यह ट्रांसफर प्रक्रिया पूरी तरह से संपन्न कर ली गई है। इस साल हज के लिए सऊदी अरब और ईरान के बीच खास समझौता हुआ है जिसके तहत यात्रियों की सुरक्षा और सुविधाओं का पूरा ख्याल रखा जा रहा है।

मीना में ईरानी हज यात्रियों के लिए क्या हैं खास इंतजाम?

ईरानी हज और तीर्थयात्रा संगठन के अधिकारियों के मुताबिक, इस साल कुल मिलाकर लगभग 30,000 ईरानी तीर्थयात्री हज में हिस्सा ले रहे हैं। इनमें से 7,400 सुन्नी हज यात्रियों को सोमवार सुबह तक मीना के कैंपों में शिफ्ट कर दिया गया है। ईरान और सऊदी अरब के बीच बेहतर तालमेल के कारण इस बार व्यवस्था काफी आसान रही है। सऊदी अरब के हवाईअड्डा अधिकारियों और हज मंत्रालय ने तीर्थयात्रियों का स्वागत किया और उनके लिए सभी जरूरी सुविधाएं पहले से तैयार रखी थीं। मीना में हाजी 8वीं जिल्हिज्जा यानी तहरियाह का दिन गुजारेंगे और पांच वक्त की नमाज अदा करेंगे।

हज यात्रियों के लिए नुसुक कार्ड और सऊदी सरकार के कड़े नियम

सऊदी अरब सरकार ने सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए इस साल बेहद सख्त नियम लागू किए हैं। सभी यात्रियों के लिए कुछ जरूरी बातें जानना बेहद आवश्यक है:

  • नुसुक कार्ड (Nusuk Card): सभी तीर्थयात्रियों के लिए नुसुक कार्ड पास में रखना अनिवार्य है। इसके बिना मक्का, मदीना, मीना, अराफात और मुजदलिफा जैसी जगहों पर एंट्री नहीं मिलेगी।
  • नारा लगाने पर रोक: मक्का में किसी भी तरह के राजनीतिक या धार्मिक नारे लगाने और झंडे लहराने पर पूरी तरह से प्रतिबंध है।
  • वीज़ा नियम: हज करने के लिए केवल आधिकारिक हज परमिट ही मान्य है। टूरिस्ट, विजिट या उमराह वीज़ा पर आए लोग हज नहीं कर सकते।
  • तबीयत खराब होने पर रोक: जिन लोगों को किडनी की गंभीर बीमारी है, डायलिसिस पर हैं या दिल की गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं, उन्हें हज करने की अनुमति नहीं दी गई है।

सुरक्षा को लेकर सऊदी रक्षा मंत्रालय का बड़ा कदम

इस साल 15 लाख से अधिक अंतरराष्ट्रीय तीर्थयात्री हज के लिए सऊदी अरब पहुंचे हैं। इतने बड़े पैमाने पर हो रहे आयोजन को सुरक्षित रखने के लिए सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने मक्का के चारों तरफ उन्नत हवाई रक्षा प्रणालियां (एयर डिफेंस बैटरियां) तैनात की हैं। ईरान के हज अधिकारियों ने भी इस बात की पुष्टि की है कि सऊदी प्रशासन के साथ मिलकर सुरक्षा और सम्मानजनक हज सुनिश्चित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए गए हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

हज 2026 के लिए नुसुक कार्ड क्यों जरूरी है?

नुसुक कार्ड एक अनिवार्य डिजिटल पहचान पत्र है। इसके बिना यात्रियों को पवित्र स्थलों जैसे मीना, अराफात, मक्का और मदीना में प्रवेश और अन्य सेवाएं नहीं मिल सकेंगी।

इस साल ईरान से कितने तीर्थयात्री हज में शामिल हो रहे हैं?

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, इस साल कुल 30,000 ईरानी तीर्थयात्री हज में शामिल हो रहे हैं, जिनमें से 7,400 सुन्नी यात्रियों को मीना के टेंटों में शिफ्ट किया जा चुका है।

क्या टूरिस्ट या उमराह वीज़ा वाले लोग हज कर सकते हैं?

नहीं, सऊदी अरब सरकार के नियमों के अनुसार केवल आधिकारिक हज परमिट और वैध हज वीज़ा धारक ही हज यात्रा कर सकते हैं। टूरिस्ट या उमराह वीज़ा इसके लिए मान्य नहीं है।