हज 2026 के दौरान मीना में जमारात पथराव के तीसरे दिन की स्थिति को लेकर दो अलग-अलग दावे सामने आए हैं। ईरानी समाचार एजेंसी IRNA ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया कि तीसरे दिन मीना में भारी भीड़ और जमावड़ा देखा गया। वहीं दूसरी तरफ, सऊदी अरब के अधिकारियों और सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा है कि सुरक्षा और सुचारू व्यवस्था के कारण सभी रस्में बिना किसी रुकावट के पूरी हुईं।

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ईरानी मीडिया ने जमारात पर भीड़ को लेकर क्या दावा किया?

ईरान की आधिकारिक समाचार एजेंसी IRNA ने 29 मई 2026 को एक रिपोर्ट जारी की। इस रिपोर्ट में बताया गया कि जमारात पथराव के तीसरे और आखिरी दिन मीना में तीर्थयात्रियों की भारी भीड़ जमा हुई थी। एजेंसी ने इसे एकजुटता का प्रतीक बताया लेकिन साथ ही वहां भारी भीड़ होने की बात भी कही। हज 2026 के कार्यक्रम के अनुसार 29 मई को जमारात पथराव का तीसरा दिन था, जिसे धुल हिज्जा की 12 तारीख भी कहा जाता है।

सऊदी सरकार और आधिकारिक एजेंसियों का क्या है कहना?

सऊदी अधिकारियों और सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) ने ईरानी मीडिया के इन दावों से अलग रिपोर्ट पेश की है। सऊदी अरब के प्रशासन के अनुसार, बहुमंजिला Jamarat Bridge पर भीड़ नियंत्रण के लिए बेहतरीन इंतजाम किए गए थे। 17 लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने बिना किसी परेशानी के सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से अपनी रस्में पूरी कीं। सुरक्षा कर्मियों, स्काउट्स और स्वयंसेवकों ने तीर्थयात्रियों को उनके निर्धारित रास्तों पर निर्देशित किया जिससे कहीं भी भीड़ इकट्ठा नहीं हुई।

भीड़ नियंत्रण के लिए क्या की गई थी तैयारी?

जमारात पुल को आधुनिक तकनीकों से लैस किया गया है ताकि भीड़ को आसानी से संभाला जा सके। सुरक्षा, स्वास्थ्य और नागरिक सुरक्षा की टीमें लगातार मौके पर तैनात रहीं। 27 और 28 मई को भी पथराव की रस्म पूरी तरह से सुचारू रूप से चली थी। प्रशासन का कहना है कि सुव्यवस्थित ढांचे के कारण ही इतनी बड़ी संख्या में लोगों ने बिना किसी असुविधा के हज की इस महत्वपूर्ण रस्म को पूरा किया।

Frequently Asked Questions (FAQs)

जमारात पर पथराव की रस्म कब आयोजित की गई थी?

हज 2026 के दौरान यह रस्म 27 मई से 29 मई 2026 के बीच आयोजित की गई थी, जिसमें धुल हिज्जा की 10, 11 और 12 तारीख शामिल थीं।

भीड़ नियंत्रण को लेकर सऊदी अधिकारियों का क्या दावा है?

सऊदी अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के एकीकृत सिस्टम के कारण Jamarat Bridge पर भीड़ नियंत्रण बहुत प्रभावी रहा और तीर्थयात्रियों ने सुरक्षित ढंग से रस्में पूरी कीं।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com