Hajj 2026 की तैयारियां सऊदी अरब में शुरू हो गई हैं। हज और उमराह मंत्री Tawfiq Al-Rabiah ने मिना कैंप का दौरा किया और वहां दी जाने वाली सुविधाओं की जांच की। इस बार श्रद्धालुओं की सुरक्षा और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए नए इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम लगाए गए हैं ताकि यात्रियों को किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।

हज 2026 की तारीखें और प्रवेश के नियम क्या हैं?

हज 2026 संभावित रूप से 25 मई से 30 मई 2026 के बीच होगा, हालांकि तारीखें चांद दिखने पर निर्भर करेंगी। अराफात का दिन 26 मई को होने की उम्मीद है। अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को 21 मई 2026 तक सऊदी अरब पहुंचना होगा और वापसी की सबसे पहली तारीख 31 मई तय की गई है। पवित्र स्थलों में प्रवेश के लिए आधिकारिक हज परमिट और Nusuk कार्ड होना अनिवार्य है, इनके बिना एंट्री नहीं मिलेगी।

यात्रियों के लिए क्या नई सुविधाएं और पाबंदियां लागू होंगी?

  • सुविधाएं: मिना के टेंटों में अब यात्रियों को सोफा-कम-बेड और सामान रखने के लिए रैक दिए जाएंगे। सुरक्षा और निगरानी के लिए सभी को स्मार्ट वॉच दी जाएगी।
  • स्वास्थ्य: सभी हज यात्रियों के लिए मेडिकल फिटनेस टेस्ट करवाना जरूरी होगा। ग्रैंड मस्जिद और पवित्र स्थलों में फेस मास्क पहनना अनिवार्य होगा।
  • पाबंदियां: मक्का के अज़ीज़िया और मदीना में खाना पकाने की पूरी तरह मनाही है। कमरों के अंदर इलेक्ट्रिक कुकर या स्टोव का इस्तेमाल करना सख्त मना है।

भारतीय यात्रियों के लिए खास निर्देश और सुरक्षा चेतावनी

Hajj Committee of India ने स्पष्ट किया है कि मक्का और मदीना में कैटरिंग सर्विस नहीं दी जाएगी, इसलिए यात्रियों को अपने खाने-पीने का इंतजाम खुद करना होगा। साथ ही, यात्रियों को चेतावनी दी गई है कि वे फर्जी हज कैंपेन और बिना लाइसेंस वाले दफ्तरों से बचें। किसी भी गड़बड़ी की शिकायत मक्का, मदीना और रियाद में 911 पर और अन्य शहरों में 999 पर की जा सकती है। पवित्र स्थलों पर राजनीतिक या sectarian झंडे ले जाना और नारेबाजी करना प्रतिबंधित रहेगा।