Saudi Hajj 2026: हज के लिए सऊदी अरब की तैयारी पूरी, नए नियम लागू, मक्का जाने के लिए अब होगा परमिट जरूरी

सऊदी अरब में साल 2026 के हज सीजन के लिए तैयारियां तेज़ी से चल रही हैं। सरकार ने श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए ट्रांसपोर्ट और वीज़ा से जुड़े कई नए नियम बनाए हैं। मक्का में एंट्री और उमराह वीज़ा को लेकर सख्त निर्देश जारी किए गए हैं ताकि भीड़ को सही तरीके से संभाला जा सके और यात्रियों को परेशानी न हो।

ℹ️: Lebanon Ceasefire: लेबनान के राष्ट्रपति का बड़ा बयान, बोले अब देश किसी की जेब का मोहरा नहीं, इसराइल के साथ युद्धविराम शुरू

हज 2026 की तारीखें और मक्का में एंट्री के नियम क्या हैं?

हज 2026 के 25 मई से 30 मई के बीच होने की उम्मीद है। अरफात का दिन 26 मई और ईद 27 मई के आसपास होगी, हालांकि यह चाँद दिखने पर निर्भर करेगा। 13 अप्रैल 2026 से मक्का में प्रवेश के लिए आधिकारिक परमिट होना ज़रूरी होगा। जिन लोगों के पास हज परमिट, मक्का का रेजिडेंसी पेपर या वर्क परमिट नहीं होगा, उन्हें शहर में घुसने की अनुमति नहीं मिलेगी। इसके अलावा, उमराह वीज़ा पर आए लोगों को 18 अप्रैल 2026 तक सऊदी अरब छोड़ना होगा।

ट्रांसपोर्ट और सुविधाओं के लिए क्या इंतज़ाम किए गए हैं?

सऊदी सरकार ने करोड़ों यात्रियों के आवागमन के लिए बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचे को तैयार किया है। इसमें हवाई यात्रा से लेकर ट्रेनों और बसों तक का पूरा नेटवर्क शामिल है। तैयारियों की जानकारी नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती है:

सुविधा तैयारी का विवरण
हवाई यात्रा 12,000 से ज़्यादा उड़ानें और 31 लाख से ज़्यादा सीटें
हवाई अड्डे 6 मुख्य एयरपोर्ट्स और ज़मज़म पानी की प्री-शिपिंग सेवा
मशाएर ट्रेन 2,000 से ज़्यादा ट्रिप, 20 लाख से ज़्यादा यात्री
हरमैन एक्सप्रेस 5,308 ट्रिप और 20 लाख से ज़्यादा सीटें
बस और टैक्सी 33,000 आधुनिक बसें और 5,000 टैक्सियाँ
साफ़-सफ़ाई 56 मिलियन क्यूबिक मीटर रेत हटाई गई और 1.78 लाख लाइट पोल ठीक किए गए
पार्सल सेवा 100 ट्रक और 65 गाड़ियाँ सामान पहुँचाने के लिए तैनात

Nusuk ऐप और वीज़ा से जुड़ी ज़रूरी बातें क्या हैं?

मस्जिद-अल-हरम में प्रवेश और रियाज़-अल-जन्नह के लिए अपॉइंटमेंट लेने के लिए Nusuk ऐप का इस्तेमाल करना अब अनिवार्य होगा। हज वीज़ा जारी करने के लिए ‘हेल्थ कैपेबिलिटी सर्टिफिकेट’ देना ज़रूरी कर दिया गया है। वीज़ा प्रक्रिया 8 फरवरी 2026 से ही शुरू कर दी गई थी ताकि प्लानिंग बेहतर हो सके। सभी वित्तीय और प्रशासनिक काम अब Nusuk और Masar प्लेटफॉर्म के ज़रिए ही किए जाएंगे।