सऊदी अरब के परिवहन और लॉजिस्टिक सेवा मंत्री Saleh Al-Jasser ने हज 2026 के लिए सभी तैयारियां पूरी होने का ऐलान किया है। इस बार श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सड़कों, ट्रेनों और हवाई जहाजों का एक बहुत बड़ा नेटवर्क तैयार किया गया है। सरकार का मकसद है कि मक्का और मदीना आने वाले लाखों जायरीन बिना किसी परेशानी के सुरक्षित तरीके से सफर कर सकें।
सड़कों और तकनीक का क्या इंतजाम है?
परिवहन मंत्रालय ने पवित्र स्थलों की ओर जाने वाली 6,000 किलोमीटर से ज़्यादा सड़कों की मरम्मत का काम पूरा कर लिया है। भीषण गर्मी से राहत दिलाने के लिए सड़कों पर ‘कूलिंग टेक्नोलॉजी’ का इस्तेमाल बढ़ाया गया है ताकि सतह का तापमान कम रहे। Roads General Authority सुरक्षा बढ़ाने के लिए नई सर्वे मशीनों का इस्तेमाल कर रही है ताकि सड़क हादसों को कम किया जा सके और सफर सुरक्षित हो।
बस, ट्रेन और फ्लाइट्स के लिए क्या योजना है?
- हवाई सेवा: 6 मुख्य एयरपोर्ट्स के जरिए 15 लाख से ज्यादा विदेशी यात्रियों को लाया जाएगा। इसके लिए 104 एयरलाइंस की 30 लाख सीटें उपलब्ध होंगी। साथ ही ‘Traveler Without Luggage’ सुविधा को भी बढ़ाया गया है।
- ट्रेन सेवा: Haramain High-Speed Railway में 20 लाख सीटें और 5,300 से ज्यादा ट्रिप तय किए गए हैं। पवित्र स्थलों की मेट्रो 2,000 ट्रिप करेगी, जिससे हर घंटे 72 हजार यात्री सफर कर सकेंगे।
- बस सेवा: कुल 33,000 बसें और 5,000 टैक्सियाँ तैनात रहेंगी। इनमें से 3,000 बसें मस्जिद-अल-हराम के लिए और 2,000 बसें मीना से मस्जिद के बीच चलेंगी।
भीड़ और सुरक्षा को कैसे संभाला जाएगा?
इस पूरे सिस्टम को चलाने के लिए 46,000 से ज्यादा फील्ड कर्मचारी तैनात रहेंगे। भीड़ को कंट्रोल करने के लिए एक स्मार्ट ट्रांसपोर्ट प्लान लागू किया गया है, जिसमें बस, रेल और एयरपोर्ट को एक साथ जोड़ा गया है। हज यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे सरकारी नियमों और तय शेड्यूल का पालन करें ताकि किसी भी तरह की परेशानी न हो। यह पूरा प्लान सऊदी विजन 2030 के तहत तैयार किया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
हज 2026 के लिए सड़कों पर क्या खास इंतजाम किए गए हैं?
सरकार ने 6,000 किलोमीटर से ज्यादा सड़कों का मेंटेनेंस पूरा किया है और गर्मी कम करने के लिए रोड कूलिंग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया है।
हज यात्रियों के लिए ट्रेन और बस की क्या सुविधा है?
हरमईन हाई स्पीड रेलवे में 20 लाख सीटें हैं और कुल 33,000 बसें यात्रियों को लाने-ले जाने के लिए तैनात की गई हैं।
