सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय (MoI) ने घरेलू तीर्थयात्रियों के लिए एक बड़ी चेतावनी जारी की है। मंत्रालय ने लोगों को फर्जी हज कैंपेन और बिना लाइसेंस वाले दफ्तरों से दूर रहने को कहा है। यह खबर उन प्रवासियों और नागरिकों के लिए बहुत जरूरी है जो इस साल हज की तैयारी कर रहे हैं, ताकि वे किसी धोखाधड़ी का शिकार न हों।

बिना परमिट हज करने पर क्या होगी सजा?

सऊदी सरकार ने साफ कर दिया है कि बिना आधिकारिक परमिट के हज करना सख्त मना है। जो लोग बिना परमिट के मक्का या पवित्र स्थलों में घुसने की कोशिश करेंगे, उन पर 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लग सकता है। इसके अलावा, जो लोग अवैध तीर्थयात्रियों की मदद करेंगे या उन्हें रहने और आने-जाने की सुविधा देंगे, उन्हें 100,000 रियाल तक का जुर्माना भरना होगा।

सबसे जरूरी बात यह है कि विजिट वीजा पर हज करने की अनुमति नहीं है। अगर कोई निवासी या विदेशी बिना परमिट के पकड़ा गया, तो उसे सऊदी अरब से डिपोर्ट कर दिया जाएगा और 10 साल तक वापस आने पर रोक लगा दी जाएगी। मक्का में एंट्री के लिए 19 अप्रैल 2026 से पाबंदियां शुरू हो चुकी हैं।

हज के लिए क्या-क्या दस्तावेज और नियम हैं जरूरी?

सभी तीर्थयात्रियों के लिए नुसुक (Nusuk) कार्ड रखना अनिवार्य है, जिसके बिना पवित्र स्थलों पर जाना मुश्किल होगा। साथ ही, नुसुक ऐप के जरिए डिजिटल परमिट लेना और नमाज के लिए अपॉइंटमेंट बुक करना जरूरी है। स्वास्थ्य के नजरिए से, सभी यात्रियों को ‘क्वाड्रुपल मेनिनजाइटिस’ (ACYW) वैक्सीन लगवाना जरूरी है।

अगर आप हज के लिए रजिस्ट्रेशन करना चाहते हैं, तो केवल हज और उमराह मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट या नुसुक प्लेटफॉर्म (hajj.nusuk.sa) का ही इस्तेमाल करें। किसी भी अनजान एजेंट या बिना लाइसेंस वाले दफ्तर के झांसे में न आएं क्योंकि केवल आधिकारिक कैंपेन ही सेवा देने के लिए अधिकृत हैं।

अन्य जरूरी अपडेट और नई गाइडलाइंस

23 अप्रैल 2026 को सरकार ने कुछ खास श्रेणियों, जैसे प्रीमियम रेजिडेंसी होल्डर्स, GCC नागरिकों और सऊदी नागरिकों की गैर-सऊदी माताओं के लिए मक्का एंट्री नियमों में थोड़ी ढील दी है। ये लोग अब Absher प्लेटफॉर्म के जरिए परमिट ले सकते हैं। वहीं, 18 अप्रैल से 31 मई 2026 तक उमराह परमिट पूरी तरह बंद कर दिए गए हैं।

खाद्य सुरक्षा को लेकर SFDA ने भी सख्त निर्देश दिए हैं। हज के दौरान बिना लाइसेंस के खाना बनाने या स्टोर करने वालों को 10 साल तक की जेल और 1 करोड़ रियाल तक का जुर्माना हो सकता है। सऊदी अरब की एयरलाइंस (Saudia) ने भी अपनी उड़ानें शुरू कर दी हैं, जिसमें ढाका से पहली फ्लाइट 23 अप्रैल को जेद्दा पहुंची।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.