सऊदी अरब अपनी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए बहुत तेज़ी से काम कर रहा है। अब यहाँ स्वास्थ्यकर्मियों की कुल संख्या 8 लाख के पार पहुँच गई है। सरकार का मकसद है कि हर नागरिक को अच्छी और आसान मेडिकल सुविधा मिल सके।
यह पूरी कवायद हेल्थ सेक्टर ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम के तहत की जा रही है। सऊदी सरकार देश के मेडिकल ढांचे को आधुनिक बनाने और सेवाओं को सुधारने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
स्वास्थ्यकर्मियों की ताज़ा स्थिति
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, साल 2024 तक अलग-अलग श्रेणियों के स्वास्थ्यकर्मियों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। नीचे दी गई टेबल से आप समझ सकते हैं कि कितने डॉक्टर और नर्स अब सऊदी में काम कर रहे हैं:
| श्रेणी | कुल संख्या (2024) | सऊदी नागरिक | |
|---|---|---|---|
| डॉक्टर | 1,29,772 | 55,159 | |
| नर्स | 2,43,336 | 1,06,140 | |
| डेंटिस्ट | 33,751 | 19,598 | |
| फार्मासिस्ट | 46,856 | 22,283 | |
| मिडवाइफ | 6,139 | 1,721 |
विजन 2030 और भविष्य की योजनाएं
सऊदी विजन 2030 के तहत स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़े लक्ष्य रखे गए हैं। सरकार साल 2030 तक 1 लाख 75 हज़ार और नए स्वास्थ्य पेशेवरों को भर्ती करेगी। इसमें 69,000 डॉक्टर, 64,000 नर्स और 42,000 अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ता शामिल होंगे।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि साल 2016 से 2023 के बीच स्वास्थ्य क्षेत्र में रोजगार की दर 4.4% की रफ़्तार से बढ़ी है। सरकार ने साल 2024 में स्वास्थ्य और सामाजिक विकास के लिए 214 अरब सऊदी रियाल (लगभग 57 अरब डॉलर) खर्च किए हैं। इस पैसे का इस्तेमाल नए अस्पताल बनाने और एम्बुलेंस सिस्टम को ऑटोमेटिक करने में किया जाएगा।
प्रवासियों और भारतीयों पर असर
सऊदी अरब में स्वास्थ्य क्षेत्र का विस्तार हो रहा है, जिससे भारतीय डॉक्टरों और नर्सों के लिए मौके बढ़ सकते हैं। हालांकि, सरकार ने ‘सौदीकरण’ (Saudization) पर ज़ोर दिया है, जिससे स्थानीय नागरिकों को ज़्यादा नौकरी मिल रही है। उदाहरण के तौर पर, सरकारी अस्पतालों में सऊदी डॉक्टरों की संख्या 2016 के 29% से बढ़कर 2023 में 51% हो गई है।
इसके अलावा, सरकार साल 2026 तक सभी नागरिकों के लिए व्यापक सार्वजनिक स्वास्थ्य बीमा लागू करेगी। डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म और प्राइवेट सेक्टर के विस्तार से स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और आसान होगी।
- हेल्थ सेक्टर ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम: यह विजन 2030 का हिस्सा है ताकि स्वास्थ्य प्रणाली टिकाऊ बने।
- नेशनल हेल्थ वर्कफोर्स स्ट्रेटजी: इसे 2023 में स्वास्थ्यकर्मियों के कौशल को बढ़ाने के लिए लागू किया गया।
- SDAIA: स्वास्थ्य क्षेत्र में AI और डेटा के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए इस अथॉरिटी का गठन किया गया है।