सऊदी अरब के इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स (IPI) में अप्रैल 2026 के दौरान बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। जनरल अथॉरिटी फॉर स्टैटिस्टिक्स (GASTAT) द्वारा जारी की गई आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल के इसी महीने के मुकाबले इस बार इंडेक्स में 19.1 प्रतिशत की कमी आई है। इस गिरावट की मुख्य वजह माइनिंग, क्वारिंग और तेल से जुड़ी गतिविधियों में आई कमी को माना जा रहा है।
इंडस्ट्रियल इंडेक्स में गिरावट की मुख्य वजहें क्या हैं?
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, माइनिंग और क्वारिंग गतिविधि में सालाना आधार पर 29.9 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। अधिकारियों का कहना है कि यह गिरावट मुख्य रूप से ओपेक प्लस (OPEC+) के तेल उत्पादन कोटा मैनेजमेंट के तहत की गई नीतिगत कटौती की वजह से हुई है। इसे किसी तरह की स्थायी कमजोरी नहीं माना जा रहा है। मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में भी सालाना आधार पर 6.1 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
नीचे दी गई तालिका में अप्रैल 2026 के औद्योगिक प्रदर्शन से जुड़े मुख्य आंकड़े दिए गए हैं:
| गतिविधि का नाम | सालाना बदलाव (प्रतिशत में) |
|---|---|
| कुल इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स (IPI) | -19.1% |
| माइनिंग और क्वारिंग गतिविधि | -29.9% |
| तेल से जुड़ी गतिविधियां | -27.8% |
| मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर | -6.1% |
| गैर-तेल गतिविधियां (Non-Oil) | +2.1% |
| बिजली, गैस और एसी सप्लाई | +20.8% |
| पानी की सप्लाई और वेस्ट मैनेजमेंट | +8.8% |
किन क्षेत्रों में दर्ज की गई है बढ़त?
जहां एक तरफ तेल और माइनिंग के काम में कमी आई है, वहीं कुछ गैर-तेल (Non-Oil) गतिविधियों में सकारात्मक बढ़त देखने को मिली है। गैर-तेल गतिविधियों में पिछले साल के मुकाबले 2.1 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा बिजली, गैस, स्टीम और एयर कंडीशनिंग सप्लाई जैसे सेक्टर्स में 20.8 प्रतिशत की अच्छी बढ़त देखने को मिली है। वहीं पानी की सप्लाई और कचरा प्रबंधन से जुड़े कामों में भी 8.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी अरब के इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स में अप्रैल 2026 में कितनी गिरावट आई है?
GASTAT की रिपोर्ट के अनुसार, अप्रैल 2026 में सऊदी अरब के इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स में पिछले साल की तुलना में 19.1 प्रतिशत की गिरावट आई है, जो अप्रैल 2021 के बाद की सबसे बड़ी सालाना गिरावट है।
क्या इस गिरावट का असर गैर-तेल गतिविधियों पर भी पड़ा है?
नहीं, गैर-तेल गतिविधियों (Non-Oil Activities) में सालाना आधार पर 2.1 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई है, हालांकि पिछले महीने के मुकाबले इसमें 3.2 प्रतिशत की मामूली कमी आई है।
