सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने 21 मार्च 2026 को पूर्वी क्षेत्र (Eastern Province) में बड़ी कार्रवाई करते हुए कई ड्रोन्स को हवा में ही नष्ट कर दिया है। मंत्रालय के अनुसार, यह इलाका देश के प्रमुख तेल क्षेत्रों और रिफाइनरियों का केंद्र है। पिछले कुछ हफ्तों से इस क्षेत्र में लगातार हवाई हमले की कोशिशें हो रही हैं जिन्हें सऊदी एयर डिफेंस सिस्टम ने सफलतापूर्वक नाकाम कर दिया है।

ℹ️: West Asia Conflict: खाड़ी देशों में तनाव से भारत की तेल और गैस सप्लाई प्रभावित, सरकार ने कूटनीति से संभाला मोर्चा

सुरक्षा अभियान के बारे में जरूरी जानकारी

रक्षा मंत्रालय ने बताया कि शनिवार को हुए इस हमले में कुल 51 ड्रोन्स को इंटरसेप्ट किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, यह कार्रवाई देश की हवाई सुरक्षा को मजबूत बनाए रखने के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों का हिस्सा है। इस पूरी स्थिति पर मेजर जनरल तुर्की अल-मलिकी नजर बनाए हुए हैं।

  • 28 फरवरी के बाद से अब तक सऊदी ने कुल 575 ड्रोन्स को नष्ट किया है।
  • इन हमलों में अब तक 42 बैलिस्टिक मिसाइलों को भी हवा में गिराया गया है।
  • पूर्वी प्रांत में मौजूद ऊर्जा बुनियादी ढांचे की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाए गए हैं।
  • सऊदी एयर डिफेंस सिस्टम चौबीसों घंटे सक्रिय रहकर खतरों की निगरानी कर रहा है।

पिछले कुछ दिनों में हुई बड़ी कार्रवाई का विवरण

सऊदी अरब के विभिन्न क्षेत्रों में पिछले एक हफ्ते के दौरान ड्रोन्स और मिसाइलों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की गई है। मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, 16 मार्च के बाद से हमलों की संख्या में बढ़ोतरी देखी गई है। इसका पूरा विवरण नीचे दी गई टेबल में देख सकते हैं:

तारीख इंटरसेप्ट किए गए ड्रोन्स प्रमुख प्रभावित क्षेत्र
21 मार्च 51 ड्रोन्स पूर्वी प्रांत
20 मार्च 2 ड्रोन्स पूर्वी प्रांत
19 मार्च 8 ड्रोन्स रियाद और पूर्वी क्षेत्र
18 मार्च 21 ड्रोन्स रियाद और पूर्वी क्षेत्र
16 मार्च 64 ड्रोन्स रियाद और पूर्वी क्षेत्र

क्षेत्रीय तनाव के बीच इस तरह के हमलों का सीधा असर खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और वहां के ऊर्जा बाजार पर भी पड़ सकता है। सरकार ने सभी नागरिकों और प्रवासियों को आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करने की सलाह दी है। सुरक्षा बल सीमावर्ती और संवेदनशील इलाकों में पूरी तरह मुस्तैद हैं।