सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय ने नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ एक बहुत बड़ी कार्रवाई की है. पिछले एक हफ्ते के अंदर करीब 12 हजार लोगों को पकड़ा गया है जिन्होंने इकामा और लेबर नियमों का उल्लंघन किया था. साथ ही 17 हजार लोगों को देश से बाहर यानी डिपोर्ट कर दिया गया है. यह खबर उन सभी प्रवासियों के लिए चेतावनी है जो सऊदी में रह रहे हैं.

ℹ: Iran Internet Shutdown: ईरान में 57 दिनों से इंटरनेट बंद, दुनिया का सबसे लंबा ब्लैकआउट, लोग हुए परेशान

सऊदी अरब में कितने लोग पकड़े गए और कितने डिपोर्ट हुए?

आंतरिक मंत्रालय (Ministry of Interior) के मुताबिक, पिछले एक हफ्ते में देश भर में बड़ी छापेमारी की गई. इस अभियान के दौरान इकामा और काम से जुड़े नियमों को तोड़ने वाले 12,000 लोगों को हिरासत में लिया गया. इसके अलावा, 17,000 लोगों को कानूनी प्रक्रिया के बाद सऊदी अरब से बाहर भेज दिया गया. यह कार्रवाई देश के नियमों को सख्त बनाने के लिए की गई है.

नियम तोड़ने वालों और उनकी मदद करने वालों पर क्या होगी कार्रवाई?

सरकार ने साफ कर दिया है कि जो लोग अवैध प्रवासियों को नौकरी देंगे या उन्हें शरण देंगे, उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे. ऐसे लोगों के लिए सजा तय की गई है:

  • दोषी व्यक्ति को 15 साल तक की जेल हो सकती है.
  • 10 लाख रियाल (SAR 1 million) तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है.
  • शरण देने या लाने-ले जाने में इस्तेमाल किए गए वाहनों और संपत्तियों को जब्त कर लिया जाएगा.

इन कामों को बड़े अपराध की श्रेणी में रखा गया है और किसी भी तरह की लापरवाही महंगी पड़ सकती है.

नियमों के उल्लंघन की शिकायत कैसे करें?

मंत्रालय ने आम जनता से अपील की है कि वे ऐसे उल्लंघन की सूचना तुरंत प्रशासन को दें. मक्का, रियाद और पूर्वी क्षेत्रों में रहने वाले लोग 911 नंबर पर कॉल कर सकते हैं. वहीं, सऊदी अरब के अन्य हिस्सों में रहने वाले लोग 999 और 996 नंबर पर फोन करके जानकारी दे सकते हैं.