सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने 30 जुलाई 2026 को एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया है। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय समुद्री रास्तों को सुरक्षित करना और व्यापारिक जहाजों पर होने वाले हमलों को रोकना है। सऊदी अरब अब दुनिया भर के देशों के साथ मिलकर एक नया समुद्री सुरक्षा गठबंधन बनाने की तैयारी कर रहा है।
43 देशों की हुई भागीदारी
इस बैठक में 43 देशों के वरिष्ठ अधिकारियों और European Union के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। कुल मिलाकर 51 देशों और संगठनों को इसके लिए आमंत्रित किया गया था, जो यह दिखाता है कि समुद्री सुरक्षा को लेकर पूरी दुनिया अब एक साथ आ रही है। बैठक में शामिल सभी पक्षों ने इस बात पर जोर दिया कि समुद्री रास्तों पर होने वाले हमले न केवल व्यापार को नुकसान पहुंचाते हैं, बल्कि दुनिया भर की अर्थव्यवस्था और आपूर्ति श्रृंखला के लिए भी बड़ा खतरा हैं।
क्या होगा गठबंधन का काम
बैठक के दौरान इस प्रस्तावित गठबंधन के नियम, काम करने का तरीका और कमांड सिस्टम पर विस्तार से चर्चा की गई। गठबंधन का मुख्य काम समुद्री रास्तों पर तैनात कमर्शियल जहाजों, एनर्जी टैंकरों और जरूरी बुनियादी ढांचे की सुरक्षा करना होगा। आने वाले समय में इस ढांचे को और मजबूत किया जाएगा ताकि किसी भी बाहरी खतरे को प्रभावी तरीके से रोका जा सके और अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार को बिना किसी डर के जारी रखा जा सके।
