जेद्दा में मिडिल ईस्ट ग्रीन इनिशिएटिव (MGI) की दूसरी बड़ी बैठक हुई। इस बैठक की अध्यक्षता सऊदी अरब के पर्यावरण, जल और कृषि मंत्री अब्दुल रहमान अल-फडली ने की। इसमें 31 देशों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया और यूनाइटेड किंगडम भी इसमें शामिल रहा। इस बैठक का मुख्य काम पर्यावरण को बचाने और खराब हो रही जमीन को फिर से खेती या पेड़ लगाने लायक बनाना है। सऊदी अरब ने इस मौके पर पूरी दुनिया को साथ मिलकर काम करने का संदेश दिया।

जरूरी खबर: Saudi Arabia MGI Meeting: सऊदी अरब में पर्यावरण को लेकर बड़ी बैठक, 4 नए देश हुए शामिल और रियाद में बनेगा हेडक्वार्टर

बैठक में कौन से बड़े फैसले हुए?

मंत्री अल-फडली ने बताया कि इस मुहिम में चार नए देश शामिल हो गए हैं। ये देश घाना, सिएरा लियोन, श्रीलंका और सीरिया हैं। इन देशों के आने से अब कुल मिलाकर 22 अरब पेड़ लगाने का वादा पक्का हो गया है। बैठक के दौरान एक और अहम फैसला लिया गया जिसमें इंजीनियर इब्राहिम अल-तुर्की को इस इनिशिएटिव का नया महासचिव नियुक्त किया गया। यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि सभी देशों के बीच तालमेल बेहतर हो सके और काम में तेजी आए।

सऊदी अरब का आगे का प्लान क्या है?

सऊदी अरब ने ऐलान किया है कि इस इनिशिएटिव का पक्का सचिवालय (Secretariat) रियाद में बनाया जाएगा। इसके चलने का पूरा खर्च अगले 10 साल तक सऊदी सरकार ही उठाएगी। सऊदी ग्रीन इनिशिएटिव के तहत देश में अब तक 151 मिलियन यानी 15 करोड़ से ज्यादा पेड़ लगाए जा चुके हैं। सऊदी अरब की 18% जमीन अब सुरक्षित वन क्षेत्र बन चुकी है और 2030 तक इसे 30% करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा कचरे को दोबारा इस्तेमाल करने और मौसम की जानकारी के सिस्टम को सुधारने पर भी काम चल रहा है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.