सऊदी अरब में अब पुराने कर्ज और कानूनी दस्तावेजों को लेकर बड़ा बदलाव हुआ है। काउंसिल ऑफ मिनिस्टर्स ने एक नया एनफोर्समेंट सिस्टम (Enforcement System) मंजूर किया है। इस नए नियम के बाद अब बहुत पुराने मामलों में पैसा वसूलना या दावा करना मुश्किल हो जाएगा। यह फैसला कानूनी स्थिरता लाने और पुराने विवादों को खत्म करने के लिए लिया गया है।

10 साल से पुराने दस्तावेजों पर क्या है नया नियम?

नए कानून के मुताबिक, अब कोई भी एनफोर्समेंट रिक्वेस्ट तब स्वीकार नहीं की जाएगी अगर वह किसी ऐसे एग्जीक्यूटिव डॉक्यूमेंट (Executive Document) पर आधारित है जिसकी ड्यू डेट या बनने की तारीख से 10 साल से ज्यादा का समय बीत चुका है। इसका सीधा मतलब यह है कि अगर कोई व्यक्ति 10 साल पुराने कागजात के आधार पर अपना हक या पैसा मांगता है, तो कोर्ट उसे स्वीकार नहीं करेगा। यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि लोग अनिश्चित समय तक पुराने दावों को न खींचें और कानूनी स्थिरता बनी रहे।

यह नया कानून कब से लागू होगा और इसका मकसद क्या है?

यह कानून आधिकारिक गजट में प्रकाशित होने के 180 दिनों के बाद से लागू होगा। सऊदी जस्टिस मिनिस्टर डॉ. वलीद अल-समानी ने बताया कि इस सिस्टम का मकसद पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और व्यवस्थित बनाना है। इससे कर्ज देने वालों और कर्ज लेने वालों, दोनों के लिए न्यायिक सुरक्षा मिलेगी। साथ ही, इस पूरी प्रक्रिया को डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए चलाया जाएगा ताकि सऊदी विजन 2030 के लक्ष्यों को पूरा किया जा सके और लोगों को समय पर न्याय मिल सके।

कानून बनाने में किन संस्थाओं ने भूमिका निभाई?

इस नए कानून को तैयार करने और मंजूरी देने में कई सरकारी संस्थाएं शामिल रहीं:

  • काउंसिल ऑफ मिनिस्टर्स: इन्होंने 14 अप्रैल 2026 को इस नए एनफोर्समेंट कानून को मंजूरी दी।
  • जस्टिस मिनिस्ट्री: डॉ. वलीद अल-समानी के नेतृत्व में इस कानून के विकास और लागू करने की जिम्मेदारी संभाली गई।
  • नेशनल कॉम्पिटिटिवनेस सेंटर: इस संस्था के ‘इस्तितला प्लेटफॉर्म’ (Istitlaa Platform) पर मई 2021 से ही जनता और निजी क्षेत्र से सुझाव लिए गए थे।

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी अरब के नए एनफोर्समेंट सिस्टम में 10 साल की समय सीमा क्या है?

नियम के अनुसार, यदि किसी कानूनी दस्तावेज की देय तिथि (Due Date) से 10 साल से अधिक समय बीत चुका है, तो उस आधार पर कोई भी एनफोर्समेंट रिक्वेस्ट स्वीकार नहीं की जाएगी।

यह नया कानून कब से प्रभावी होगा?

यह नया कानून सरकारी गजट में प्रकाशित होने की तारीख से 180 दिनों के बाद पूरी तरह से लागू हो जाएगा।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.